रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के कट्टर विरोधी और विपक्षी नेता एलेक्सी नवलनी की हाल ही में जेल में रहस्यमय तरीके से मौत हो गई। वह लंबे समय से जेल में बंद थे। नवलनी की मौत पर अब अमेरिका में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आखिरकार एलेक्सी नवलनी की मौत पर चुप्पी तोड़ दी। हालांकि, उन्होंने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की निंदा करने से परहेज किया।
ट्रंप ने नवलनी की रहस्यमयी मौत और उनके कथित 'राजनीतिक उत्पीड़न' के बीच तुलना की। इसके साथ ही अमेरिका के मौजूदा राष्ट्रपति जो बाइडन पर देश को बर्बाद करने का आरोप लगाया।
ट्रंप का गुस्सा
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा, 'नवलनी की अचानक हुई मौत ने मुझे इसके बारे में अधिक अहसास दिलाया कि देश में क्या हो रहा है। यह एक धीमी, स्थिर प्रगति है, जिसमें कुटिल, कट्टरपंथी वामपंथी राजनेता, अभियोजक और न्यायाधीश हमें विनाश के रास्ते पर ले जा रहे हैं।'
उन्होंने आगे कहा, 'खुली सीमाएं, धांधली वाले चुनाव और बेहद अनुचित अदालती फैसले अमेरिका को नष्ट कर रहे हैं। हम एक कमजोर होते देश में रह रहे हैं। हम एक असफल राष्ट्र में हैं।'
इन लोगों ने पुतिन को माना जिम्मेदार
नवलनी की मौत की खबरों पर कई देशों ने नाराजगी जताई है। कुछ पश्चिमी नेताओं ने पुतिन को जिम्मेदार ठहराया। अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने भी नवलनी की मौत के लिए रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को जिम्मेदार ठहराया और कहा कि नवलनी के साथ जो हुआ है वह पुतिन की क्रूरता का एक और सबूत है।
इसके अलावा, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री ऋषि सुनक, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और यूरोपीय संघ की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने भी नवलनी के निधन पर शोक व्यक्त किया और इसके लिए मॉस्को को जिम्मेदार ठहराया। वहीं, दक्षिण कैरोलिना की पूर्व गवर्नर और रिपब्लिकन उम्मीदवार निक्की हेली ने नवलनी की मौत पर ट्रंप द्वारा कुछ नहीं बोलने पर उनकी आलोचना की थी। हेली ने नवलनी को 'हीरो' बताया था और उनकी मौत के लिए पुतिन को जिम्मेदार ठहराया।
जेल में टहलने के बाद नवलनी की मौत
दरअसल, यमालो-नेनेट्स ऑटोनॉमस डिस्ट्रिक्ट प्रशासन ने कहा था कि शुक्रवार को जेल में टहलने के बाद नवलनी का स्वास्थ्य ठीक नहीं था। उन्होंने तबियत ठीक नहीं होने की जानकारी दी थी, जिसके बाद वे बेहोश हो गए थे। इसके बाद मेडिकल स्टाफ को बुलाया गया, लेकिन वह होश में नहीं आए। हालांकि, अभी उनकी मौत के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
दावा- जहर देकर मारने की साजिश
अगस्त 2020 में नवलनी साइबेरिया के दौरे पर गए थे। वहां से मॉस्को लौटते समय नवलनी बीमार पड़ गए। इसके बाद नवलनी को इलाज के लिए जर्मनी ले जाया गया। हफ्तों बाद जर्मन सरकार ने चौंकाने वाला दावा करते हुए कहा कि नवलनी को जहर दिया गया था।
कुछ दिनों बाद नवलनी ने अपने यूट्यूब चैनल पर एक वीडियो पोस्ट किया। रूसी विपक्षी नेता ने दावा किया कि उन्हें खुफिया अधिकारी ने उनके अंडरवियर में जहर लगाकर मारने की साजिश रची थी। जहर दिए जाने के पांच महीने बाद जनवरी 2021 में नवलनी वापस मास्को चले गए और यहां पहुंचते ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
दो महीने बाद रूसी अधिकारियों ने नवलनी को दो साल की जेल की सजा देने का आदेश दिया। उन्हें ऐसी जेल में रखा गया जो कैदियों के साथ बुरे बर्ताव के लिए कुख्यात मानी जाती है। जेल में उचित चिकित्सा सुविधा की कमी के विरोध में उन्होंने एक सप्ताह की भूख हड़ताल की। इस दौरान नवलनी का स्वास्थ्य भी बिगड़ गया।
जेल में बंद पुतिन विरोधी नेता की मुश्किलें कभी कम ही नहीं हुईं। अगस्त 2023 में एक रूसी अदालत ने नवलनी को जेल में बंद नेता पर उग्रवाद का समर्थन करने के आरोप में अतिरिक्त 19 साल की सजा सुनाई।
पिछले साल हो गए थे गायब
पिछले साल दिसंबर में नवलनी के सहयोगियों ने दावा किया कि 20 दिनों तक उनसे संपर्क टूटा रहा। अंत में उनके प्रवक्ता ने कहा कि वह मिल गए हैं। इस बीच अधिकारियों ने उन्हें आर्कटिक जेल में स्थानांतरित कर दिया जो रूस के सबसे दूरदराज के शहरों में से एक में स्थित है। इसके अलावा यह जेल अपनी कठोर परिस्थितियों के लिए जाना जाता है।
अदालती सुनवाई के अगले दिन हो गई मौत
फरवरी 15, 2024 वह तारीख थी जब नवलनी को आखिरी बार सार्वजनिक रूप से देखा गया। इस दिन वह एक अदालत की सुनवाई में वीडियो लिंक के जरिए जेल में काले कपड़े पहने हुए दिखाई दिए थे। अगले दिन यानी 16 फरवरी को रूसी अधिकारियों ने दावा किया कि जेल में टहलने के बाद नवलनी बेहोश हो गए और उनकी मौत हो गई।