चीन के वैज्ञानिकों ने दो अस्पतालों और वुहान के कुछ सार्वजनिक जगहों का अध्ययन करने के बाद दावा किया कि हॉटस्पॉट की हवा में भी वायरस के अनुवांशिक तत्व मिले हैं। हालांकि अभी यह तय नहीं हो पाया है कि इससे संक्रमण फैलता है या नहीं। वैज्ञानिकों ने 31 जगहों से 40 नमूने लिए थे। वुहान यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं का मानना है कि सरकारों को हॉटस्पॉट के सैनिटाइजेशन, बेहतर वेंटिलेशन का विशेष ध्यान रखना चाहिए और भीड़भाड़ से बचना चाहिए।
भीड़भाड़ वाली जगहों पर वायरस के अंश अधिक
शोध में पाया गया कि उन जगहों पर जहां भीड़ अधिक रहती थी तैसे अस्पताल के बरामदे और अस्पतालों के बाहर की हवा में वायरस के अंश अधिक पाए गए। इसमें खासकर उन जगहों पर भी वायरस के अंश अधिक मिले जहां स्वास्थ्य कर्मी अपनी सुरक्षा किट उतारते थे। जिससे यह संकेत मिलते हैं कि इन कपड़ों को उतारते वक्त बड़ी मात्रा में वायरस हवा में पहुंचता है और वहां ठहरा रहता है।