कोरोना को लेकर अमेरिका में विश्वविद्यालयों और शैक्षणिक संस्थानों के बंद होने से भारतीय छात्र दोहरी मुसीबत में फंस गए हैं। एक तरफ तो उन्हें छात्रावास खाली करने को कहा गया है और दूसरी तरफ भारत और अमेरिका में यात्रा पाबंदियां लगी होने से वे कहीं आने-जाने के नहीं रहे हैं। ऐसे में भारतीय दूतावास ने अमेरिकी सरकार से भारत के छात्रों की परेशानियां दूर करने का आग्रह किया है।
अमेरिकी नागरिकता एवं आव्रजन सेवा ने कहा कि अगर कोई स्कूल बिना ऑनलाइन दिशा-निर्देश या अन्य वैकल्पिक शिक्षण माध्यमों से अस्थायी तौर पर बंद होता है तो जब तक छात्रों की कक्षाएं बहाल नहीं हो जातीं, तब तक वे स्टूडेंट एंड एक्सचेंज विजिटर इंफोर्मेशन सिस्टम (एसईवीआईएस) में सक्रिय रहेंगे। इसमें गैर प्रवासी छात्र भाग ले सकते हैं और वह एसईवीआईएस में सक्रिय रहेंगे।
वाशिंगटन डीसी में भारतीय दूतावास ने यहां भारतीय छात्रों के लिए जारी संशोधित परामर्श में कहा, ‘अमेरिकी सरकार ने संकेत दिया है कि वह विदेशी छात्रों के लिए पैदा हुई स्थिति पर करीबी नजर रख रही है।’ परामर्श में कहा गया है कि स्टूडेंट एंड एक्सचेंज विजिटर प्रोग्राम (एसईवीपी) अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए दूरस्थ शिक्षा पर मार्गदर्शन देना जारी रखेगा।