भारत की यात्रा पर आए 'एप्पल' कम्पनी के सीईओ टिम कुक ने भारत में एप्पल की मैन्यूफैक्चरिंग को बढ़ाने बात की है। कुक की इस बात से चीन बहुत भयभीत है क्योंकि एप्पल की दुनिया में सबसे ज्यादा मैन्यूफैक्चरिंग चीन में ही होती है। चीन को आशंका है कि 'एप्पल इंक' की मैन्यूफैक्चरिंग कम होने से चीन में हजारों कर्मचारियों की नौकरियां खतरे में पड़ सकती हैं।
ग्लोबल टाइम्स में छपे एक आर्टिकल में टिम कुक के बयान के हवाले से बताया गया है कि कुक के भारत में मैन्यूफैक्चरिंग को बढ़ाए जाने से चीन में चिंता बढ़ती रही है। चीन में वेतन बढ़ाए जाने के बाद से बड़ी कम्पनियां हाथ खींचने लगीं हैं। चीन में उत्पादन करने वाली विदेशी कम्पनियां अब धीरे-धीरे भारत और अन्य देशों में पलायन कर रही हैं।
जाहिर वेतन बढ़ाए जाने के जिस डर की वजह से कम्पनियां चीन से भाग रही हैं वे दूसरे देशों में जाकर ज्यादा वेतन तो नहीं देने वाली हैं। चीन से निकलकर कम्पनियां भारत समेत अनेक एशियाई देशों में जा रहीं हैं क्योंकि कम्पनियों को इन देशों में कम लागत पर उत्पादन मिलना संभव है।
चीन में इस समय औद्योगिक उत्पादन और व्यापार को लेकर माहौल ठंडा चल रहा है। यहां नई कम्पनियां आने का जोखिम नहीं ले रही हैं और जो कम्पनियां चीन में उत्पादन कर रहीं हैं वे भी धीरे-धीरे छोड़कर जा भारत और अन्य देशों में जा रही हैं।