चीन में भारतीय छात्र अमन नागसेन (20) की हत्या के मामले में भारतीय दूतावास के अधिकारी जांच अधिकारियों से मिलने बुधवार को बीजिंग से करीब 100 किलोमीटर दूर तियानिजिन पहुंचे। दूतावास के अधिकारी उसके पार्थिव शरीर को स्वदेश भेजने की कोशिशों में जुटे हैं।
नागसेन मूल रूप से बिहार बोध गया के रहने वाले थे और तियानजिन फॉरेन स्टडीज यूनिवर्सिटी में बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन विषय के छात्र थे। 29 जुलाई को उनका शव बरामद हुआ था। अधिकारियों ने बताया कि नागसेन के शव का पोस्टमॉर्टम हो चुका है और जल्द ही मृत्यु प्रमाणपत्र जारी करने की उम्मीद है जिसके बाद शव को भारत भेजा जा सकेगा।
चीन के विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को कहा था कि नागसेन की हत्या हुई है। इस मामले में एक विदेशी को गिरफ्तार किया गया है। हालांकि, हत्या के आरोपी की राष्ट्रीयता की जानकारी नहीं दी गई है।
भारतीय अधिकारियों ने कहा कि उनकी कोशिश जल्द से जल्द कानूनी प्रक्रिया पूरी कर नागसेन के पार्थिव शरीर को भारत भेजने की व्यवस्था करने की है। अधिकारियों ने बताया कि शव को भारत भेजने में समय लग सकता है क्योंकि दोनों देशों के बीच इस समय सीधी उड़ान नहीं है और तीसरे देश के रास्ते शव को भारत भेजना होगा।