चीन के कई राज्यों में भारी बारिश के चलते नदियों में आई बाढ़ से सैकड़ों लोग अब तक मारे जा चुके हैं और लाखों लोग प्रभावित हुए हैं। बुरे होते हालातों के बीच मध्य चीन में अधिकारियों ने एक बांध में जल का स्तर खतरे के निशान से ऊपर हो जाने के बाद उसे धमाका करके तोड़ दिया।
सरकारी प्रसारक ‘सीसीटीवी’ की खबर के अनुसार अनहुइ प्रांत में चूही नदी पर बने बांध को एक विस्फोट करके तोड़ा गया। इसके बाद पानी के दो फुट तक नीचे आने की संभावना है। मूसलधार बारिश के कारण यांगत्जे सहित कई नदियों में जलस्तर इस साल बढ़ गया है। बांध तोड़कर पानी निकालने का कदम 1998 में उठाया गया था, जब बाढ़ के कारण 2,000 से अधिक लोगों की जान चली गई थी और करीब 30 लाख लोग बेघर हो गए थे।
पिछले सप्ताह यांगत्जे नदी के विशाल ‘थ्री गॉर्जस डैम’ में पानी खतरे के निशान से 50 फुट ऊपर आ गया जिसके बाद पानी निकालने के लिए उसके द्वारों को खोल दिया गया था। मंगलवार को यहां एक बार फिर बाढ़ आने की आशंका है। इस आपदा के चलते हुए भूस्खलन और बाढ़ की घटनाओं में 150 से अधिक लोग मारे गए हैं या लापता हैं।
पानी का दबाव कम करने के लिए उड़ाया बांध
दरअसल, नदी के बेसिन में बाढ़ के दबाव को कम करने के लिए यांग्त्जी नदी की सहायक चूही नदी पर बने दुनिया के सबसे बड़े बांध को विस्फोटकों से इसलिए उड़ाना पड़ा क्योंकि बांध के सभी द्वार खोलने के बावजूद पानी 15 मीटर ऊपर चला गया था। ऐसे में यदि इसे सुरक्षित दिशा पर धमाका करके नहीं उड़ाते तो बांध का पानी बेकाबू होकर बहुत बड़ी आबादी को अपनी चपेट में ले लेता।