आईएईए प्रमुख ने यूक्रेन के परमाणु संयत्र का किया दौरा
अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) के प्रमुख राफेल मारियानो ग्रोसी ने दक्षिण यूक्रेन के एक परमाणु संयंत्र का दौरा किया। इसका मकसद यूक्रेनी अफसरों से मिलना और तकनीकी सहयोग मुहैया कराना है। ग्रोसी ने कहा कि आईएईए रूस के साथ राजनयिक वार्ता में शामिल नहीं है लेकिन हालात जल्द पहले जैसे हों और प्रतिष्ठान दोबारा यूक्रेनियों के हाथों में आएं इसके लिए हम कोशिश कर रहे हैं।
रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होते ही यूरोप में किया गया था साइबर हमला
यूरोप में हजारों ‘मॉडेम’ को प्रभावित करने वाले और यूक्रेनी सेना व सरकार के उपयोग में आने वाले उपग्रह नेटवर्क पर साइबर हमले के लिए ‘सॉफ्टवेयर कमांड’ का इस्तेमाल रूसी हमले के साथ ही किया गया था। उपग्रह (सेटेलाइट) के स्वामित्व वाली कंपनी ने यह खुलासा किया। ‘मॉडेम’ एक प्रकार का हार्डवेयर है, जिसका उपयोग कंप्यूटर को केबल या टेलीफोन के माध्यम से डाटा भेजने के लिए किया जाता है। अमेरिका स्थित ‘वायासेट’ के मालिक ने साइबर हमले के संबंध में पहली बार जानकारी दी। इस व्यापक हमले ने पोलैंड और फ्रांस तक के यूजरों को प्रभावित किया।
रूसी राष्ट्रपति का यूक्रेन पर हमला एक ‘रणनीतिक भूल’ : व्हाइट हाउस
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव केट बेडिंगफील्ड ने कहा कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का यूक्रेन पर हमला एक ‘रणनीतिक भूल’ है, जिसने रूस को वैश्विक मंच पर अलग-थलग कर दिया है। उन्होंने कहा, हमें जानकारी मिली है कि रूसी राष्ट्रपति अपनी सेना द्वारा खुद को गुमराह किया हुआ महसूस कर रहे हैं, जिससे पुतिन और उनके सैन्य नेतृत्व के बीच लगातार तनाव बना हुआ है।
बेडिंगफील्ड ने कहा, हमारा मानना है कि पुतिन को उनके सलाहकार गलत सूचना दे रहे हैं कि रूसी सेना कितना खराब प्रदर्शन कर रही है और रूसी अर्थव्यवस्था को प्रतिबंधों से कैसे पंगु बनाया जा रहा है, क्योंकि उनके वरिष्ठ सलाहकार उन्हें सच बताने से डरते हैं। उन्होंने कहा, हमले की शुरुआत में रूस कीव की ओर आक्रामकता से बढ़ रहा था, लेकिन अब वह हमले के लक्ष्यों को फिर से परिभाषित करने की कोशिश कर रहा है।
रूस को रोकने के लिए और मदद की जरूरत : जेलेंस्की
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने 50 करोड़ डॉलर की अतिरिक्त मदद के संकल्प पर व्हाइट हाउस का आभार जताया लेकिन कहा कि वह रूसी हमला को रोकने के लिए यूक्रेन को अधिक मदद देने के बारे में अमेरिका से बात करने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा, यदि हम आजादी-लोकतंत्र के लिए वास्तव में मिलकर लड़ रहे हैं तो हमारे पास इस अहम मोड़ पर मदद मांगने का अधिकार है। टैंक, विमान, तोप प्रणालियां।
ईंधन व गोला-बारूद डिपो पर निशाना
रूस के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता मेजर जनरल इगोर कोनाशेनकोव ने कहा कि सेना ने मध्य यूक्रेन के दो शहरों में ईंधन डिपो को लंबी दूरी की क्रूज मिसाइलों से निशाना बनाया। रूसी सेना ने दक्षिण माइकोलेव क्षेत्र में यूक्रेन के विशेष बलों के मुख्यालय और दोनस्क क्षेत्र में गोला-बारुद के दो डिपो को भी निशाना बनाया।
कीव और चेर्नीहीव में पिछले हटने के वादे से रूस मुकरा
रूसी सेना ने कीव-चेर्नीहीव में अपना सैन्य अभियान घटाने का वादा करने के सिर्फ कुछ घंटों बाद इन शहरों के आसपास बमबारी बढ़ा दी है। युद्ध के 36वें दिन खारकीव, लवीव, मैरियूपोल, ओडेसे समेत कई अन्य शहरों में तबाही जारी है। रूसी सेना ने पूर्वी यूक्रेन में दोनबास व लिजियम शहर पर भी हमले बढ़ाए हैं। यूक्रेनी राष्ट्रपति ने कहा, रूस जल्द ही दोनबास तक जाने वाले रास्ते पर भी हमला कर सकता है।
रूस के बढ़ते हमलों के बाद देश के अन्य हिस्सों पर भी जंग खत्म करने के लिए वार्ता में कोई प्रगति होने की उम्मीद खत्म हो गई है। एक दिन पहले ही रूसी सेना ने एलान किया था कि वह कीव-चेर्नीहीव के निकट अपना अभियान घटाएगी। हालांकि अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन और यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की समेत पश्चिमी देशों ने इस पर संदेह जताया था।
युद्ध के 36वें दिन रूसी सेना ने कीव व चेर्नीहीव के पास घरों, दुकानों, पुस्तकालयों और अन्य असैन्य स्थलों पर बमबारी की। उसने दोनबास क्षेत्र और लिजियम शहर के आसपास भी अपने हमले तेज कर दिए हैं। चेर्नीहीव शहर परिषद के सचिव अलेक्जेंडर लोमाको ने कहा, रूसी घोषणा ‘पूरी तरह झूठी’ साबित हुई है। दक्षिणी यूक्रेन में क्षेत्रीय अधिकारियों ने बताया कि रूस की मिसाइल ने देश के चौथे सबसे बड़े शहर दिनिप्रो में ईंधन के एक डिपो को नष्ट कर दिया।