पेरू के सुदूर उत्तर-पश्चिमी शहर पाटाज में खदान पर नियंत्रण के लिए लड़ रहे आपराधिक समूहों ने अब तक 39 श्रमिकों की हत्या कर दी है। आंतरिक मंत्रालय ने कहा कि अपराध के जिम्मेदार लोगों का पता लगाने और उन्हें पकड़ने के लिए विशेष पुलिस बल को तैनात किया गया है।
पेरू में एक सोने की खदान से 13 सुरक्षा गार्डों के शव बरामद हुए हैं। सुरक्षा गार्डों का 26 अप्रैल को खनिकों ने अपहरण कर लिया था। हाल ही के दिनों में एंडियन राष्ट्र में सबसे अहम खनन उद्योग में हिंसा बढ़ गई है।
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पेरू के गृह मंत्रालय ने बताया कि सुरक्षा गार्डों के शव बरामद किए गए हैं। खनन कंपनी ला पोडेरोसा ने बताया कि खोज और बचाव दल ने कड़ी मशक्कत के बाद 13 शव बरामद किए। कंपनी ने आरोप लगाया कि सुरक्षा गार्डों का अपहरण 26 अप्रैल को आपराधिक गिरोह से जुड़े खनिकों ने किया। इन खनिकों ने खदान पर घात लगाकर हमला किया था। पेरू के आंतरिक मंत्रालय ने कहा कि अपराध के जिम्मेदार लोगों का पता लगाने और उन्हें पकड़ने के लिए विशेष पुलिस बल को तैनात किया गया है।
सोने का खनन करने वाली निजी कंपनी ला पोडेरोसा ने कहा कि पेरू के सुदूर उत्तर-पश्चिमी शहर पाटाज में खदान पर नियंत्रण के लिए लड़ रहे आपराधिक समूहों ने 1980 में कंपनी के परिचालन शुरू करने के बाद से अब तक कंपनी के 39 श्रमिकों की हत्या कर दी है, जिनमें नवीनतम 13 श्रमिक भी शामिल हैं।
दिसंबर 2023 में अवैध खनिकों ने उसी पोडेरोसा खदान पर विस्फोटकों से हमला किया, जिसमें नौ लोग मारे गए और 15 घायल हो गए। हमलों की श्रृंखला के जवाब में ला पोडेरोसा ने अधिक सुरक्षा गार्ड भेजे।
दुनिया के लिए सोने और तांबे का एक प्रमुख आपूर्तिकर्ता पेरू ने अनौपचारिक खनिकों को कुछ सुरक्षा के साथ काम करने की अनुमति है। जैसे-जैसे धातुएं अधिक लाभदायक होती गईं, नई खनन तकनीकें सामने आईं और सरकार को प्रतिक्रिया देने में संघर्ष करना पड़ा। इसके बाद अवैध खनन तेजी से एक विशाल उद्योग में बदल गया।
पेरू का अधिकांश भाग अपराध से घिरा हुआ है। इसके चलते सरकार को पिछले महीने आपातकाल की घोषणा करनी पड़ी थी। देश के उत्तरी खनन क्षेत्र में दस्तकारी वाले खनिकों और उद्यमियों से जबरन वसूली के मामले भी बढ़ गए हैं।