अमेरिकी सीनेट ने भारत के साथ सैन्य सहयोग बढ़ाने के प्रस्ताव को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी है। अमेरिकी सीनेट ने बढ़ते खतरे के विश्लेषण, सैन्य सिद्धांत, सुरक्षा बलों की योजना, साजो-सामान संबंधी सहयोग और खुफिया जानकारी जुटाने एवं विश्लेषण करने के मकसद से यह मंजूरी दी है। सीनेट ने ‘भारत के साथ सैन्य आदान-प्रदान का अधिकार देना’ नामक शीर्षक से प्रस्तावित संशोधन को ध्वनिमत से पारित कर दिया।
यह संशोधन नेशनल डिफेंस अथॉराइजेशन एक्ट-2017 का हिस्सा है, जिसको सीनेट ने इस सप्ताह की शुरुआत में पास किया था। इस प्रस्ताव को सीनेटर जॉन सुलिवन ने पेश किया, जिसका सीनेट इंडिया कॉकस के दो उप प्रमुख जॉन कोर्नी और मार्क वार्नर के अलावा सीनेटर मार्क किर्की ने समर्थन किया। इसमें रक्षामंत्री से दोनों देशों के बीच सैन्य सहयोग बढ़ाने और संयुक्त सैन्य अभियानों को प्रोत्साहित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है।
अमेरिकी रक्षामंत्री से समुद्री सुरक्षा, समुद्री डाकुओं एवं आतंकवाद से निपटने के साथ ही भारत-एशिया-प्रशांत क्षेत्र में अधिकार क्षेत्र को लेकर जागरूकता बढ़ाने में सहयोग सुनिश्चित करने को भी कहा गया है। संशोधित विधेयक में कहा गया कि रक्षामंत्री खतरे के विश्लेषण, सैन्य सिद्धांत, सुरक्षा बलों की योजना, साजो-सामान संबंधी सहयोग, मानवीय सहायता, आपदा राहत और खुफिया जानकारी जुटाने एवं विश्लेषण करने के मकसद से भारत के साथ सैन्य सहयोग बढ़ाना सुनिश्चित करें। अब इस संशोधित कानून को राष्ट्रपति बराक ओबामा के हस्ताक्षर के लिए भेजा जाएगा।