मास्टरकार्ड के कार्यकारी अध्यक्ष अजय बंगा और सीईओ मेबाक से सीतारमण ने न्यूयॉर्क में भेंट की। वित्त मंत्रालय ने ट्वीट किया कि इस मुलाकात में वित्तीय समावेशन और डिजिटल बदलावों के बारे में उठाए गए कदमों पर चर्चा हुई। गौरतलब है कि रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने जुलाई में भारत में मास्टरकार्ड को नए कार्ड जारी करने से रोक दिया था। ये रोक अमेरिकी बहुराष्ट्रीय कंपनी द्वारा भारत के डाटा कानूनों की अनुपालना में विफल करने के कारण लगायी गयी थी।
सीतारमण से भेंट के बाद बंगा ने कहा कि भारत लगातार सुधारों के साथ सही राह पर चल रहा है और वो इस दिशा में सही गति देख रहे हैं। बंगा ने कहा कि वो भारत में उत्पादन से जुड़े प्रोत्साहन पैकेजों से खासे प्रभावित हैं और उम्मीद है कि ये इकलौता सुधार नहीं साबित होगा बल्कि सुधारों की शृंखला होगी जो भारत को इस राह पर बढ़ने में मदद करेंगे। मेबाक ने भी बंगा की उम्मीदों से सहमति जतायी। उन्होंने कहा कि मास्टरकार्ड भारत में निवेश करना जारी रखेगा।
फेडएक्स के सीओओ ने कहा, भारत में निवेश बढ़ा रहे हैं
फेडएक्स के सीओओ सुब्रह्मण्यम से वित्त मंत्री की भेंट के दौरान भारत में हाल में लॉन्च नेशनल इंफ्रास्ट्रक्चर मास्टर प्लान गतिशक्ति और भारत में दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम और यूनिकॉर्न बेस होने की बातों पर चर्चा हुई। सुब्रह् मण्यम ने भेंट के बाद कहा कि भारत में फेडएक्स का कारोबार तेजी से बढ़ रहा है।
निवेश कंपनी लेगाटम से भारत में निवेश के मुद्दे पर चर्चा
सीतारमण ने अमेरिका की जानी मानी निवेश कंपनी लेगाटम के मुख्य निवेश अधिकारी फिलिप वेसिलियो से भी अलग से भेंट की। उन्होंने वेसिलियो को भारत में सुदृढ़ संरचनात्मक विकास की जानकारी देते हुए भारत में निवेश बढ़ाने के लिए प्रेरित किया।