ऑस्ट्रेलिया में लगी आग (फाइल फोटो)
ऑस्ट्रेलिया के जंगलों में पिछले चार महीने से लगी आग के कारण अब तक कई मौतें हो चुकी हैं। जंगल की आग के संकट से पूरी रात जूझ रहे एक दमकलकर्मी अचानक एक पेड़ गिर जाने से मारा गया। समूचा दक्षिण पूर्वी ऑस्ट्रेलिया जंगल की आग से जूझ रहा है और कई दमकलकर्मी इसे बुझाने में लगे हुए हैं।
ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री ने रविवार को कहा कि उनकी सरकार जलवायु परिवर्तन से उत्पन्न हुए आग के खतरे से निपटने के सभी प्रयास कर रही है।
बढ़ रहे तापमान के कारण लोगों को घर खाली करने के लिए कहा गया
ऑस्ट्रेलिया में बढ़ रहे तापमान के कारण लगभग दस लाख लोगों से अपने घरों को खाली करने के लिए कहा गया है। ऑस्ट्रेलियाई अधिकारियों ने शुक्रवार को पूर्वी तट पर हवाओं के कारण फिर से भड़की आग और बढ़ रहे तापमान के लिए एक सैन्य बैकअप तैयार किया है।
देश के कई हिस्सों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस (104 डिग्री फारेनहाइट) से अधिक होने की संभावना है। तेज हवा, ईंधन की आग से पहले ही हजारों लोग बेघर हो चुके हैं। विक्टोरिया और न्यू साउथ वेल्स राज्यों की सीमा पर देश के अल्पाइन क्षेत्र में लगी आग से लगभग 600,000 हेक्टेयर (1.5 मिलियन एकड़) जमीन का नुकसान हुआ है।
विक्टोरिया राज्य के आपातकालीन प्रबंधन आयुक्त एंड्रयू क्रिस्प ने ऑस्ट्रेलियाई प्रसारण निगम को बताया कि ‘यदि आप बाहर निकल सकते हैं, तो आपको बाहर निकल जाना चाहिए, आपको हमारे राज्य के दूरस्थ और जंगलों में नहीं होना चाहिए।’ क्रिस्प ने बताया कि केवल विक्टोरिया राज्य के 240,000 लोगों को घर छोड़ने के आपातकालीन अलर्ट टेक्स्ट संदेश भेजे गए है।
न्यू साउथ वेल्स और दक्षिण ऑस्ट्रेलिया राज्यों में उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों के लोगों को घर छोड़ने के लिए भी कहा गया था, लेकिन अभी अधिकारियों ने घर छोड़ने वाले लोगों की संख्या नहीं बताई है।