मायावती ने राष्ट्रपति चुनाव में एनडीए की प्रत्याशी द्रौपदी मुर्मू को यह कहकर समर्थन दिया था कि उनकी पार्टी तथा उसकी नीतियां हमेश से आदिवासी समर्थक रही हैं। जिसके बाद सवाल यह उठने लगा है कि, क्या आने वाले दिनों में मायावती ऐसे ही बीजेपी का समर्थन करती रहेगी या फिर मायावती पर दबाव बनाने के लिए भाजपा कोई नया गेम खेलेगी?