यूपी के श्रावस्ती में कबाड़ी से मौलाना, बाद में मदरसा संचालक फिर नकली नोट का सौदागर बना नूरी बाबा की खबर को अमर उजाला प्रमुखता से प्रकाशित कर रहा है। नूरी बाबा प्रकरण में अमर उजाला की ओर से उजागर किए गए तथ्यों की अब एसआईटी जांच करेगी। इसके लिए एसपी ने एएसपी के नेतृत्व में टीम का गठन किया है। मामला मल्हीपुर थाना क्षेत्र के लक्ष्मनपुर गंगापुर गांव का है। गांव निवासी मुबारक अली उर्फ नूरी बाबा की मुश्किलें अभी और बढ़ेगी। कबाड़ के व्यापार से शुरू हुआ उसके नकली नोट के सौदागर तक के सफर की किस्त दर किस्त खबर अमर उजाला लगातार प्रकाशित कर रहा है। इसके साथ ही उसकी कर्म कुंडली भी उजागर कर रहा है। जाति का सांई नूरी बाबा कभी चंदा तो कभी जकात लेकर उसे कहां खर्च करता था, मदरसा निर्माण के लिए उसने कहां से फंडिंग जुटाया, क्या है उसका नेपाल से मुंबई तक का कनेक्शन, और क्या है उसका पाकिस्तान प्रेम। इन सभी तथ्यों की बिंदुवार जांच कराई जाएगी। इसके लिए पुलिस अधीक्षक घनश्याम चौरसिया ने अपर पुलिस अधीक्षक प्रवीण कुमार यादव के नेतृत्व में स्पेशल जांच टीम का गठन किया है। जिसमें एक वरिष्ठ उप निरीक्षक व क्राइम ब्रांच टीम को भी शामिल किया जाएगा।