रायबरेली में लालगंज क्षेत्र के एक माह पहले गेगासो स्थित गंगा पुल क्षतिग्रस्त हो गया। इससे प्रशासन ने भारी और चौपहिया वाहनों के आवागमन पर रोक लगा दी। केवल तिपहिया व दोपहिया वाहन ही पुल से गुजर पा रहे हैं। एक महीने बाद भी पुल की मरम्मत का काम शुरू नहीं हो पाया है। इससे स्थानीय व्यापार और आवागमन बाधित है। भारी वाहनों को लालगंज से फतेहपुर तक पहुंचने के लिए 20 किलोमीटर अतिरिक्त चक्कर काटना पड़ रहा है। बृहस्पतिवार की शाम को कुछ चौपहिया वाहन चालकों ने प्रशासन की ओर से रखे गए सीमेंट बैरियर को खिसकाकर अवैध रूप से आवागमन शुरू कर दिया। सूचना पर प्रशासन ने आनन-फानन जेसीबी लगाकर बैरियर पुनः स्थापित करके मार्ग को संकरा कर दिया। स्थानीय व्यापारी और उद्यमी इस विलंब से आक्रोशित हैं। उत्तर प्रदेश इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष रोहिताश्व सिंह तूफानी ने बताया कि आधुनिक रेल डिब्बा कारखाने के लिए उपकरण भेजने में समस्या हो रही है। इससे उत्पादकता प्रभावित हो सकती है। बताया कि उद्यमियों को भारी आर्थिक क्षेत्र पहुंच रही है। उन्हें ट्रांसपोर्टेशन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं विशुन खेड़ा गांव के निवासी अरुण कुमार पांडेय ने प्रशासन से अनुरोध किया कि पुल की मरम्मत शीघ्र आरंभ किया जाए। फतेहपुर जाने-आने में अनेक कठिनाइयां आ रही हैं। होटल व्यवसायी राजन त्रिवेदी ने कहा कि प्रशासन होर्डिंग लगाकर वाहन चालकों को पहले से मार्ग के संबंध में सचेत कर सकता था। ताकि समय और ईंधन की बर्बादी बच सकती थी। लेकिन, कोई चेतावनी बोर्ड नहीं लगाए गए। इससे लोगों को असुविधा हो रही है। स्वतंत्र कुमार मिश्रा ने कहा कि व्यापार प्रभावित हो रहा है। इसके साथ ही गंगा पार असनी कुटी जाने वाले हजारों अनुयायी असनी कुटी पहुंचने में भारी परेशानियां झेल रहे हैं।