मिर्जापुर जिले में अखिलेश यादव व राहुल गांधी के गिरफ्तारी की विरोध में कांग्रेस और सपा का प्रदर्शन होना था पर पुलिस ने उनको नजर बंद कर दिया है। सपा कार्यकर्ता अपने कार्यालय में डटे हुए हैं। पुलिस ने कार्यालय के बाहर फोर्स लगा दी है। साथ ही कलेक्ट्रेट भी छावनी में बदल गया है। इस दौरान कचहरी के कई गेट बंद होने से आक्रोशित अधिवक्ता नारेबाजी करते हुए कलेक्ट पहुंचे। नीट परीक्षा के विरोध में केंद्र व प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी किया। अधिकताओं ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। अधिवक्ताओं ने कहा कि सरकार छात्रों के साथ अन्याय कर रही है। छात्रों की बात नहीं मानी जा रही है। जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अभय ऋषियों ने कहा कि दिल्ली में छात्रों पर लाठी चार्ज किए जाने के विरोध में प्रदर्शन कर रहा है। साथ ही उच्च न्यायालय और उच्चतम न्यायालय द्वारा एक दूसरे के विपरीत फैसला जारी किया गया है। अधिवक्ता के खिलाफ मात्र प्राथमिकी दर्ज होने पर प्रेक्टिस करने पर मना किया गया है। जबकि सुप्रीम कोर्ट कहता है कि जब तक निर्णय नहीं हो जाता तब तक उसे अपराधी नहीं माना जाता है। ऐसी स्थिति में विरोधाभास आदेश के तहत अधिवक्ता प्रदर्शन करने आए हैं।