सुप्रीम कोर्ट ने सीजीएसटी एक्ट के तहत करदाताओं के अधिकारों की रक्षा की दिशा में अहम आदेश दिया है। शीर्ष कोर्ट ने एम/एस एएसपी ट्रेडर्स बनाम उत्तर प्रदेश राज्य मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले को रद्द कर दिया। इसमें केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर अधिनियम (सीजीएसटी एक्ट) 2017 की धारा 129(3) के तहत औपचारिक आदेश की मांग को खारिज किया गया था। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि धारा 129(3) के तहत शो-कॉज नोटिस के बाद आदेश अनिवार्य है। मजबूरी में किया गया भुगतान स्वैच्छिक नहीं माना जा सकता। औपचारिक आदेश निष्पक्षता, पारदर्शिता और अपील के अधिकार को सुनिश्चित करता है।