बाकरगंज बाजार में बुधवार को लगी आग में सौ से ज्यादा दुकानें राख हो गई हैं। दूसरे दिन गुरुवार शाम तक धुआं उठता रहा। व्यापारी राख में बचा सामान तलाशते दिखाई दिए। व्यापारियों ने बाजार को अतिक्रमण मुक्त कर नए सिरे से बसाने का फैसला किया है। इस बार दुकानों को अपनी तय हद में ही रहना होगा। घने बसे इस बाजार में आग लगने के दौरान फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके तक नहीं आ सकीं थीं। दमकल कर्मियों ने हौज पाइप की मदद से आग बुझाई थी। इसमें ज्यादा समय लगने से नुकसान भी ज्यादा हुआ है। ऐसे में बाजार के व्यापार मंडल से जुड़े पदाधिकारियों ने जल्द सभी की सहमति से बाजार को बसाने की रूपरेखा तैयार करने का फैसला किया है। ज्वलनशील पदार्थ डालने की जताई आशंका बाजार में लल्लू गुप्ता की किराने की दुकान है। उन्होंने बताया कि मंगलवार रात दुकान बंद करते समय उन्होंने सामने की ओर टट्टर लगाया था। इस ट्टटर में एक लाल रंग की पन्नी बंधी थी। गुरुवार दोपहर आग बुझने के बाद वह दुकान पर पहुंचे तो देखा कि सामने बंधी पन्नी पर कोई ज्वलनशील पदार्थ छिड़का गया था। इसके चलते कई स्थानों पर पन्नी गल गई है। लल्लू गुप्ता ने बताया कि गनीमत रही आग उनकी दुकान तक नहीं पहुंची। वरना जिंदगी भर की कमाई आग की भेंट चढ़ जाती।