उत्तर प्रदेश के साथ-साथ पश्चिम बंगाल और लद्दाख में भी एक साथ संगठन सृजन अभियान की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इस अभियान के माध्यम से जिला कांग्रेस कमेटियों को अधिक मजबूत, जवाबदेह, सक्रिय और जनसरोकारों से सीधे जुड़ा बनाने के लिए नए जिला अध्यक्षों के चयन की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। संगठन को जमीनी स्तर तक मजबूत करना अभियान का मुख्य उद्देश्य है। मेस्टन रोड स्थित तिलक हाल में आयोजित पत्रकार वार्ता में ये बातें अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के पर्यवेक्षक रघु शर्मा ने कहीं। राजस्थान के पूर्व कैबिनेट मंत्री और पूर्व सांसद ने कहा कि यह केवल पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया नहीं है। बल्कि कांग्रेस संगठन को बूथ, ब्लॉक, मंडल और जिला स्तर तक मजबूत करना है। कार्यकर्ताओं और जनता के बीच संगठन की सक्रिय मौजूदगी सुनिश्चित करने का व्यापक अभियान है। रघु शर्मा ने बताया कि एआईसीसी द्वारा नियुक्त पर्यवेक्षकों को जिला अध्यक्ष के चयन के लिए पार्टी के कार्यकर्ताओं, निर्वाचित प्रतिनिधियों, पूर्व पदाधिकारियों तथा सिविल सोसायटी से व्यापक और गहन विचार-विमर्श किया जाएगा। इसके आधार पर सबसे उपयुक्त नेतृत्व की पहचान की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिला अध्यक्ष का चयन ऐसी नेतृत्व क्षमता को ध्यान में रखकर किया जाएगा जो सक्रिय, प्रतिबद्ध, जवाबदेह और कार्यकर्ताओं के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलें। 6 लोगों का पैनल बनाया जाएगा। जिसमें सामाजिक ढांचे का भी ध्यान रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि संगठन सृजन अभियान का उद्देश्य सत्ता का विकेंद्रीकरण करते हुए एसएसी, एसटी, ओबीसी, अल्पसंख्यक वर्ग, महिलाओं, युवाओं तथा सभी प्रतिबद्ध कांग्रेस कार्यकर्ताओं को नेतृत्व के अवसर प्रदान करना है। यह अभियान भारत जोड़ो यात्रा और भारत जोड़ो न्याय यात्रा से मिले न्याय, समावेशन और धर्मनिरपेक्षता के संदेश को संगठनात्मक रूप देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इस मौके पर कानपुर महानगर कांग्रेस अध्यक्ष पवन गुप्ता, ग्रामीण अध्यक्ष संदीप शुक्ला, मीता गौतम और प्रमोद सिंह थे।