बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग एक बार फिर भ्रष्टाचार के आरोपों से घिर गया है। बीते दो महीनों में सामने आए चार मामलों के बाद अब बहुआ विकासखंड की मुख्य सेविका पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से रिश्वत वसूली का आरोप लगा है। आरोप है कि राशन वितरण के नाम पर हर माह 1500 रुपये की अवैध वसूली की जा रही थी। इस संबंध में रिश्वत लेते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हालांकि संवाद न्यूज एजेंसी वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करती है। आरोप है कि बहुआ विकासखंड में तैनात मुख्य सेविका शारदा वर्मा लंबे समय से आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से धनराशि वसूल रही थीं। वीडियो सामने आने के बाद अन्य आंगनबाड़ी कार्यकर्ता भी खुलकर सामने आ गईं। सोमवार को डीएम कार्यालय पहुंचकर लिखित शिकायत सौंपी। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि अवैध वसूली का विरोध करने पर उनके साथ अभद्रता की जाती है और नौकरी से हटाने की धमकी दी जाती है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ऊषा देवी ने बताया कि राशन वितरण को लेकर लगातार दबाव बनाया जाता है और हर माह तय रकम देने को मजबूर किया जाता है। वीडियो वायरल होने के बाद जांच की मांग तेज हो गई है। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि शीघ्र कार्रवाई न होने पर वे आंदोलन करेंगी। महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ की जिला उपाध्यक्ष रेहाना परवीन ने कहा कि कार्यकर्ताओं का शोषण किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने बताया कि डीएम रविंद्र सिंह ने मामले को गंभीरता से लिया। उन्होंने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है जल्द ही सख्त कार्रवाई की जाएगी।