पहले कानून को केवल दंड देने वाला माना जाता था, लेकिन अब का कानून पीड़ित को न्याय दिलाने पर केंद्रित है। ये बातें डिप्टी एसपी कृष्णमुरारी शर्मा ने अमर उजाला की ओर से सकलडीहा विकासखंड के मुस्तफापुर स्थित प्रकाश इंटर कॉलेज में सोमवार को आयोति ‘पुलिस की पाठशाला’ कार्यक्रम के दौरान कही। उन्होंने छात्रों को कानून, यातायात नियमों, साइबर अपराध से बचाव और जीवन में सफलता के सूत्रों पर विस्तार से जानकारी दी। डिप्टी एसपी कृष्णमुरारी शर्मा ने कहा कि उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में डिजिटल साक्ष्य का महत्व काफी बढ़ गया है, जिससे अपराधियों तक पहुंचना आसान हुआ है। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि सपनों को पूरा करने के लिए दिन-रात एक करना पड़ता है, परिश्रम ही व्यक्ति को मुकाम तक पहुंचाता है। यातायात नियमों का पालन करने से न केवल सड़क सुरक्षित रहती है, बल्कि शहर की सुंदरता भी झलकती है। डिप्टी एसपी ने यातायात नियमों पर विशेष जोर देते हुए कहा कि सड़क पर चलते समय नियमों का पूरा पालन करें। हेलमेट पहनते समय उसकी स्ट्रैप अवश्य लगाएं। शराब पीकर वाहन चलाने से अपने परिजनों को रोकें। उन्होंने चेतावनी दी कि 18 वर्ष से कम उम्र में वाहन चलाते पकड़े जाने पर अभिभावक को तीन साल तक की सजा का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि सड़क पर झुंड में न चलें और मोबाइल फोन का उपयोग सोच-समझकर करें। फोन का इस्तेमाल करें, लेकिन उसमें डूब जाना ठीक नहीं है। साइबर अपराध की स्थिति में 1930, महिला सहायता के लिए 1090 और आपात स्थिति में 112 नंबर पर तुरंत संपर्क करें। डिप्टी एसपी ने छात्रों को जीवन मूल्य सिखाते हुए कहा कि किसी की चिकनी-चुपड़ी बातों में न आएं और हमेशा अपने परिजनों की बात मानें, क्योंकि वे कभी भी अपने बच्चों के बारे में गलत नहीं सोच सकते। कार्यक्रम में विद्यालय के प्रबंधक सत्य प्रकाश यादव, प्रधानाचार्य अजीत सिंह, सोनू यादव, ओमप्रकाश, मृत्युंजय मिश्रा, नंदलाल यादव, सुरेश मास्टर, उमलेश यादव, विशाल पटेल, आकाश, दीपक, नरेंद्र कुमार, लक्ष्मण सहित शिक्षकगण और 200 से ज्यादा संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में छात्रों ने यातायात नियमों के पालन और सकारात्मक जीवन मूल्यों को अपनाने का संकल्प लिया।