भारत के लिए बर्लिन जाकर वर्ल्ड पैरा एथलीट चैम्पियनशिप में क्वॉलीफाई करने वाली पैराएथलीट कंचनमाला पांडे को पैरालम्पिक कमेटी के ढीले रवैये की वजह से शर्मिंदा होना पड़ा। कंचनमाला पांडे ने बताया कि SAI ने पैरालम्पिक कमेटी को पैसे दिए थे, इसके बावजूद उन्हें बर्लिन में एक एक पैसे का मोहताज होना पड़ा। यहां तक की कोच की लापरवाही की वजह से उन्हें दूसरे देश के खिलाड़ियों से ट्रैवल करने के लिए उधार मांगना पड़ा।