फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग के प्रभावों पर शिमला में हुआ मंथन, जानें क्या बोले विशेषज्ञ

पर्यावरण, विज्ञान और प्रौद्योगिकी और जलवायु परिवर्तन विभाग ने मंगलवार को इंस्टिट्यूट फॉर गवर्नेंस एंड सस्टेनेबल डेवलपमेंट के साथ मिलकर नॉन-CO2(कार्बन डाइऑक्साइड) उत्सर्जन से निपटने के लिए साइंटिफिक असेसमेंट रिपोर्ट जारी की। राज्य सचिवालय में हुए इस कार्यक्रम पर्यावरण, विज्ञान प्रौद्योगिकी और जलवायु परिवर्तन विभाग के निदेशक डीसी राणा ने स्वागत संबोधन दिया। इसके बाद आईजीएसडी वॉशिंगटन डीसी यूएसए के अध्यक्ष एवं फाउंडर डॉ. दुरवुड जैलके ने जलवायु परिवर्तन के मुद्दे पर अपनी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि ग्लोबल वार्मिंग के प्रभाव रोकने के लिए हमारे पास केवल एक दशक से भी कम समय है। कार्यक्रम में इंस्टिट्यूट फॉर गवर्नेंस एंड सस्टेनेबल डेवलपमेंट के निदेशक डाॅ. नीमिश सिंह की ओर से पाॅवर प्वाइंट प्रस्तुति दी गई। इसके अलावा ईएसटी एंड सीसी के सचिव सुशील कुमार सिंघला की ओर से विशेष संबोधन दिया गया। आईजीएसडी की इंडिया प्रोग्राम की निदेशक जेरिन ओशो ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें