शिरोमणि अकाली दल के प्रवक्ता और प्रेसिडेंट लीगल सेल एडवोकेट अर्शदीप सिंह कलेर ने पंजाब सरकार पर निशाना साधा है। कलेर ने कहा कि पंजाब में हर दिन कोई न कोई नया एग्जाम या भर्ती घोटाला सामने आ रहा है। सबसे पहले हमने 6 मामलों की लिस्ट जनता के सामने रखी थी, जिसमें नायब तहसीलदार भर्ती, पंजाब टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट, पीएसईबी 12वीं इंग्लिश पेपर, फार्मेसी और दूसरी भर्तियों और परीक्षाओं से जुड़े गंभीर विवाद शामिल थे। इसके बाद पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट ने CWP नंबर 16812 में एक्साइज इंस्पेक्टर भर्ती की आगे की प्रक्रिया पर रोक लगाने का आदेश जारी किया। अब रूरल पंचायत डिपार्टमेंट की भर्ती से जुड़ा एक और गंभीर मामला सामने आया है। इस भर्ती में उठाए गए गंभीर सवालों को देखते हुए पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट ने एक कमेटी बनाई है। इस भर्ती से जुड़ा पूरा रिकॉर्ड भी हाई कोर्ट ने अपने कब्जे में ले लिया है और इसी हाई कोर्ट की देखरेख में बनी कमेटी की मीटिंग भी जज के चैंबर में होंगी। सोचने वाली बात है कि जब हाई कोर्ट को भर्ती के रिकॉर्ड अपने कब्ज़े में लेने पड़ रहे हैं और अपनी निगरानी में जांच के लिए कमेटी बनानी पड़ रही है, तो सरकार के भर्ती प्रोसेस पर इससे बड़ा अविश्वास और क्या हो सकता है? एक तरफ, एक के बाद एक भर्ती विवादों में फंसी हुई है और दूसरी तरफ, मुख्यमंत्री भगवंत मान अभी भी दावा कर रहे हैं कि उनकी सरकार के समय में कोई घोटाला नहीं हुआ है। पंजाब के युवा जवाब चाहते हैं।