लखनऊ। पारा मोहान रोड स्थित लोधी संस्थान के हाल में 2009 से संचालित बंद कंप्यूटर इंस्टीट्यूट में सोमवार दोपहर जमकर हंगामा हो गया। आरोप है कि पास के ही जिले के सांसद अपने सहयोगियों के साथ पहुंचे और इंस्टीट्यूट का ताला तोड़कर वहां अपना ताला जड़ दिया। संचालक का कहना है कि संस्थान का यह हाल प्रबंध समिति की लिखित सहमति और रजिस्टर्ड अनुबंध के तहत उन्हें किराये पर दिया गया है, जिसके सभी दस्तावेज उनके पास मौजूद हैं। बिजली कनेक्शन भी उनके नाम पर है और विवाद न्यायालय में विचाराधीन है। काकोरी के मोहद्दीनपुर निवासी संचालक आदित्य राजपूत ने बताया कि सोमवार सुबह करीब 11 बजे सांसद और उनके सहयोगी गैर-मौजूदगी में पहुंचे और ताला तोड़कर कब्जे का प्रयास किया। आरोप है कि वहां रह रहे बच्चों के साथ गाली-गलौज और अभद्रता की गई तथा धमकी दी गई कि कोई दिखाई न दे, वरना लात-घूंसों से मारेंगे। संस्था की महिला पदाधिकारी सोनी शुक्ला के साथ अश्लील भाषा का प्रयोग करने का भी आरोप लगाया गया है। सूचना पर संस्थान के अध्यक्ष पूर्व मंत्री मानपाल सिंह, पूर्व विधायक एवं कोषाध्यक्ष सुन्दर लाल लोधी, राष्ट्रीय महामंत्री हुकुम सिंह देशराजन और कार्यालय प्रभारी मदन मोहन वर्मा मौके पर पहुंचे। उनके आने के बाद कथित समर्थक धमकी देते हुए निकल गए।पीड़ित के मुताबिक सोमवार शाम करीब 6:30 बजे दोबारा सांसद के बेहद करीबी बताए जा रहे दबंग अपने साथियों के साथ पहुंचे और इंस्टीट्यूट के ऊपर लगे पोस्टर-बैनर फाड़ दिए। पदाधिकारियों से गाली-गलौज और मारपीट के बाद पुलिस पहुंचने से पहले ही फरार हो गए। घटना संस्थान के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। इंस्पेक्टर सुरेश सिंह ने बताया कि पीड़ित आदित्य की तहरीर पर सीसीटीवी फुटेज की मदद से जांच कर कार्रवाई की जाएगी।