देश का किसान अपनी मेहनत से धरती चीर कर फसल उगा रहा है मगर फिर भी खाने की थाली और सरकारी गोदामों से अनाज गायब होता जा रहा है। सरकारी गोदामों से हर साल गेहूं की बोरियां कम हो रही हैं। हालत ये है कि गेहूं का स्टॉक पांच साल के न्यूनमत स्तर यानी 216 लाख टन पर आ गया है।