टेनिस खिलाड़ी राधिका यादव की हत्या के आरोपी पिता दीपक यादव को भोंडसी स्थित जिला जेल में विशेष निगरानी में रखा गया है। उसे हवालाती नंबर 4142 आवंटित किया गया है। जेल सूत्रों के अनुसार दीपक यादव का व्यवहार बीते दो दिनों से सामान्य रहा है, हालांकि वह अन्य कैदियों से दूरी बनाए हुए है। मामले की गंभीरता को देखते हुए दीपक यादव को ''हार्डकोर अपराधियों'' की दूसरी श्रेणी में रखा गया है। इस श्रेणी में वे आरोपी शामिल होते हैं जो पहली या दूसरी बार हत्या जैसे गंभीर अपराध में संलिप्त होते हैं। दीपक वर्तमान में लगभग 60 कैदियों के साथ एक विशेष बैरक में रखा गया है, जहां सुरक्षा के विशेष प्रबंध किए गए हैं। भोंडसी जेल प्रशासन के अनुसार, दीपक यादव को शनिवार को जेल में दाखिल किया गया था। मेडिकल जांच में वह पूरी तरह स्वस्थ पाया गया। उसने अब तक समय पर भोजन किया है, लेकिन वह कम ही बोलता है और अन्य कैदियों से सीमित संपर्क रखता है।
जेल प्रशासन का कहना है कि फिलहाल दीपक यादव को कोई कार्य नहीं सौंपा गया है, क्योंकि वह 14 दिन की न्यायिक हिरासत में है। यदि आगे चलकर उसे सजा होती है, तो नियमानुसार उसे अन्य कैदियों की तरह काम पर लगाया जा सकता है। हालांकि टेनिस खिलाड़ी राधिका हत्याकांड मामले में उसके मोबाइल से कुछ राज निकलकर सामने आ सकते हैं। मृतका राधिका के मोबाइल को पुलिस ने डाटा रिकवरी के लिए फोरेंसिक लैब भेज दिया है। बीते गुरुवार को गोली मारने से पहले मोबाइल पर आए मैसेज और कॉल की पुलिस जांच कर रही है। हालांकि पुलिस ने यह नहीं बताया है कि राधिका यादव के अलावा किस-किस के मोबाइल को जांच में शामिल करने के लिए लिया है। फोरेंसिक लैब में राधिका यादव के मोबाइल का डाटा रिकवरी करके पता लगाया जाएगा कि उसमें से कोई फोटो, वीडियो, कॉल रिकॉर्ड, मैसेज तो डिलिट नहीं किए गए हैं। बीते गुरुवार को गोली कांड से पहले राधिका यादव की किस से बात हुई या फिर किसी न उसको या उसने किसी को कोई मैसेज वगैरह भेजा था या नहीं।
बीते कुछ दिनों का मोबाइल डाटा भी जांचा जाएगा ताकि हत्याकांड मामले में पुख्ता जानकारी सामने आ सके। राधिका यादव हत्या मामले में जांच कर रही पुलिस टीम के अनुसार मोबाइल के डाटा रिकवर होने के बाद ही कुछ कारणों का पता लगने की उम्मीद है। अभी इस बारे में कुछ ज्यादा नहीं कहा जा सकता। अलग-अलग बिंदुओं से मामले की जांच की जा रही है। पुलिस अब राधिका की करीबी दोस्त हिमांशिका सिंह राजपूत को जांच में शामिल करने जा रही है। इंस्टाग्राम पर दो वीडियो अपलोड कर हिमांशिका ने राधिका की मौत पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं, जिनकी अब जांच की जाएगी। हिमांशिका ने अपने वीडियो में दावा किया है कि राधिका यादव की हत्या साजिश के तहत हुई है। उसने यह भी कहा कि राधिका पर घर में कड़ी पाबंदियां थीं, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान रहती थी। वह एक प्रतिभाशाली टेनिस खिलाड़ी होने के साथ-साथ फोटोग्राफी और वीडियो बनाने की शौकीन भी थी, लेकिन उसे अक्सर उसके परिवार की रोक-टोक का सामना करना पड़ता था।
पुलिस अब हिमांशिका सिंह से पूछताछ कर यह जानना चाहती है कि उसके पास ऐसे कौन से सबूत या जानकारी हैं, जिनके आधार पर वह यह आरोप लगा रही है। अधिकारियों का कहना है कि अगर उसके पास कोई ठोस जानकारी है, तो वह केस की दिशा को बदल सकती है। वहीं, राधिका के परिवार ने हिमांशिका के वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए अपनी स्थिति स्पष्ट की है। परिवार का कहना है कि जो भी बातें वीडियो में कही गई हैं, वे एकतरफा और भ्रामक हैं। राधिका की मौत को लेकर कोई साजिश नहीं थी और पुलिस की जांच में पूरा सहयोग किया जा रहा है। जांच अधिकारी निरीक्षक विनोद ने बताया कि राधिका की दोस्त हिमांशिका सिंह को अभी जांच में शामिल नहीं किया गया है। जल्द ही उसको जांच में शामिल करके पूछताछ की जाएगी। अगर हिमांशिका सिंह के पास मामले से संबंधित कोई साक्ष्य या सबूत मिलते हैं तो उसको आधार बनाकर भी जांच होगी।