महाराष्ट्र के परभणी जिले के यशवाड़ी गांव स्थित हनुमान मंदिर में शनिवार को हुआ दर्दनाक हादसा अब सामने आए खौफनाक सीसीटीवी फुटेज की वजह से पूरे देश को झकझोर रहा है। मंदिर के सभा मंडप के ढहने का वीडियो घटना की भयावहता को बयां कर रहा है। कुछ ही सेकंड के इस फुटेज में दिखता है कि कैसे श्रद्धालु पूजा और धार्मिक कार्यक्रम में व्यस्त थे, तभी अचानक मंडप का एक हिस्सा भरभराकर गिर पड़ा और पूरा परिसर चीख-पुकार से गूंज उठा।
सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, हादसे से ठीक पहले मंदिर परिसर में सामान्य गतिविधियां चल रही थीं। बड़ी संख्या में श्रद्धालु सभा मंडप के नीचे मौजूद थे। कुछ लोग बैठकर धार्मिक कार्यक्रम में शामिल थे, जबकि कई श्रद्धालु इधर-उधर आते-जाते दिखाई दे रहे थे। तभी अचानक मंडप का एक खंभा कमजोर पड़ता नजर आता है और अगले ही पल छत का हिस्सा तेजी से नीचे गिर जाता है।
वीडियो में देखा जा सकता है कि छत गिरते ही वहां भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। कई श्रद्धालु मलबे की चपेट में आ गए, जबकि कुछ लोग बाल-बाल बच गए। कुछ सेकंड के भीतर ही पूरा परिसर धूल के गुबार से भर गया और अफरा-तफरी मच गई। फुटेज में लोगों को घायल श्रद्धालुओं को बाहर निकालने और मदद के लिए चीखते हुए भी देखा जा सकता है।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसा इतना अचानक हुआ कि किसी को संभलने का मौका ही नहीं मिला। जो लोग मंडप के ठीक नीचे बैठे थे, वे सीधे मलबे की चपेट में आ गए। घटना के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीण और मंदिर में मौजूद अन्य श्रद्धालु राहत कार्य में जुट गए। कई लोगों ने अपने हाथों से मलबा हटाकर घायलों को बाहर निकाला।
प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, इस हादसे में आठ से दस लोग घायल हुए हैं। सभी घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। हालांकि अधिकारियों को आशंका है कि हादसे के बाद कुछ समय तक मलबे के नीचे लोगों के फंसे होने की संभावना बनी रही, जिसके चलते व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस और आपदा राहत दल मौके पर पहुंच गए। बचाव टीमों ने विशेष उपकरणों की मदद से मलबा हटाने का काम शुरू किया। अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता सभी श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना और किसी भी संभावित फंसे व्यक्ति को जल्द से जल्द बाहर निकालना था।
इस बीच, सीसीटीवी फुटेज ने हादसे के कारणों को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। वीडियो में मंडप का हिस्सा अचानक गिरता दिखाई दे रहा है, जिससे निर्माण की गुणवत्ता और संरचनात्मक सुरक्षा पर सवाल उठने लगे हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी अपने बयान में कहा कि मंदिर की निर्माणाधीन छत का हिस्सा गिरने से यह दुखद घटना हुई है और पूरे मामले की जांच कराई जाएगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है।
परभणी के हनुमान मंदिर का यह सीसीटीवी फुटेज सिर्फ एक हादसे की तस्वीर नहीं है, बल्कि यह चेतावनी भी है कि धार्मिक स्थलों पर निर्माण कार्यों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी कितनी भारी पड़ सकती है। कुछ सेकंड में ढहे इस मंडप ने कई परिवारों को दर्द, दहशत और अनगिनत सवालों के बीच छोड़ दिया है।