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Bengal Election: सुधांशु त्रिवेदी ने बंगाल के मतदाताओं पर दिया ऐसा बयान कि भड़क उठी ममता की पार्टी!

वीडियो डेस्क, अमर उजाला डॉट कॉम Updated Mon, 12 Jan 2026 02:34 AM IST

भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, "बंगाल का यह चुनाव दो भविष्य के बीच चुनने का चुनाव है। एक यह कि बंगाल के कुछ इलाकों को प्रैक्टिकली बांग्लादेश बनना है या बंगाल को 21वीं सदी में, इस अमृतकाल में विकसित भारत के संकल्प की तरफ आगे बढ़ना है.ये वो महान भूमि है जहां से वंदे मातरम् भी निकला और जन-गण-मन भी निकला।"

उन्होंने आगे कहा, "ममता बनर्जी ने ED की रेड के दौरान जिस प्रकार की घबराहट दिखाई है। भारत के इतिहास में ऐसा कभी नहीं हुआ जब मुख्यमंत्री खुद ऐसी जगह गईं हों.ये दिखाता है कि उस हरे रंग की फाइल में कई राज़ छिपे हैं.ED के कार्यों में हस्तक्षेप किया गया.महत्वपूर्ण बात ये है कि ममता बनर्जी को अपनी पुलिस, अपने पर्सनल स्टाफ पर भी भरोसा नहीं था

भाजपा सांसद और राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. सुधांशु त्रिवेदी ने हाल ही में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने बंगाल के आगामी चुनावों को 'दो भविष्य के बीच का चुनाव' करार दिया।सुधांशु त्रिवेदी ने यह भी स्पष्ट किया कि कोई भी राज्य सरकार केंद्र द्वारा पारित संवैधानिक कानूनों (जैसे CAA या अन्य सुधार) को लागू करने से मना नहीं कर सकती। उन्होंने इसे ममता सरकार का 'संवैधानिक विद्रोह' बताया।

सुधांशु त्रिवेदी का यह बयान 2026 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों की दिशा में भाजपा के नैरेटिव को स्पष्ट करता है, जहाँ वे विकास बनाम तुष्टिकरण और राष्ट्रवाद बनाम क्षेत्रीय अराजकता को मुख्य मुद्दा बना रहे हैं।सुधांशु त्रिवेदी ने यह भी स्पष्ट किया कि कोई भी राज्य सरकार केंद्र द्वारा पारित संवैधानिक कानूनों (जैसे CAA या अन्य सुधार) को लागू करने से मना नहीं कर सकती। उन्होंने इसे ममता सरकार का 'संवैधानिक विद्रोह' बताया।ममता बनर्जी की भाषा में जो अहंकार दिखता है, वह असल में उनकी विवशता है, क्योंकि वे उन तत्वों के खिलाफ कार्रवाई नहीं कर सकतीं जिन्होंने उन्हें सत्ता तक पहुँचाया या जो उनके वोट बैंक का आधार हैं।

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