सेहत की तरफ बढ़ते रुझान को देखते हुए अब किसानों का एक बड़ा तबका आर्गेनिक खेती की तरफ आकर्षित हो रहा है। ऐसा ही एक प्रयास करनाल के सांभली गांव के किसान विमल कीर्ति का है, जो रासायनिक उर्वरकों के प्रयोग के बिना ऐपल बेर की ऑर्गेनिक खेती कर रहे हैं और इससे वो लाखों का मुनाफा हासिल कर रहे हैं। कीर्ति के फार्म को देखने के लिए केवल देश ही नहीं बल्कि विदेशी लोगों का भी तांता लगा हुआ है। उनका ऐपल बेर प्रदेश के किसानों की आय बढ़ाने में मददगार साबित हो रहा है, दरअसल विदेशी प्रजाति के बेर की खेती महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, बंगाल, केरल आदि राज्यों में होती है। इस प्रजाति का ऐपल बेर रंग और आकार में हूबहू सेब की तरह दिखता है, खास बात यह है कि इसके खाने में सेब और बेर दोनों का स्वाद आता है। एक वर्ष से भी कम समय में फल देने वाले इस ऐपल बेर की बागवानी कम ऊंचाई वाले पहाड़ (जहां न्यूनतम तापमान माइनस में न जाता हो) और मैदानी भागों में की जा सकती है।