दून पहुंची युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव और उत्तराखंड प्रभारी सुरभी द्विवेदी ने प्रेस वार्ता कर कहा कि अंकिता को न्याय मिलने तक कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी। उन्होंने भाजपा नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि भाजपा के 52 से ज्यादा एमपी-एमएलए ऐसे हैं जो महिलाओं पर गलत टिप्पणी के बाद से विवादों में घिरे हैं। उन्होंने देहरादून कांग्रेस मुख्यालय से मैं भी अंकिता नामक कैंपेन की शुरुआत की। कहा कि यह अत्यंत चिंताजनक है कि इस मामले में पीड़िता के माता-पिता की ओर से दी गई शिकायत के बजाय एक तृतीय पक्ष की शिकायत को प्राथमिकता देते हुए सीबीआई जांच की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। यह प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के विपरीत है और इससे यह संदेह गहराता है कि पीड़ित परिवार को जानबूझकर हाशिये पर रखा गया। उन्होंने कहा कि घटना के बाद जिस रिजॉर्ट में अंकिता कार्यरत थी वहां स्थित अंकिता का कमरा राज्य सरकार की एजेंसियों ने जल्दबाजी में ध्वस्त कर दिया। सरकार ने इसे अवैध निर्माण हटाने की कार्रवाई बताया लेकिन वास्तविकता यह है कि यह कदम महत्वपूर्ण साक्ष्यों को नष्ट करने और जांच को प्रभावित करने की मंशा से उठाया गया प्रतीत होता है। यदि सरकार की नीयत साफ होती तो सबसे पहले उस स्थान को सील कर फोरेंसिक और न्यायिक प्रक्रिया पूरी की जाती।