मोरी ब्लॉक के बंगाण क्षेत्र कई गांवों में लगभग हफ्ते भर से विद्युत आपूर्ति ठप है। इसके चलते ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र के करीब 22 गांव में शाम ढलते ही अंधेरा पसर जाता है। ग्रामीणों ने विभाग की लापरवाही पर रोष व्यक्त करते हुए शीघ्र विद्युत आपूर्ति बहाल करने की मांग की है।
मोरी ब्लॉक के आराकोट क्षेत्र के चीवा, मौंडा, बलावट, किराणू, माकुड़ी, दुचाणू, डामठी, थुनारा, भुटाणू, किरोली, मैंजनी, पावली आदि गांव में देहरादून जिले से विद्युुत आपूर्ति की जाती है, लेकिन त्यूणी स्थित ट्रांसफार्मर में अधिक लोड पड़ने के कारण शाम होते ही ऊर्जा निगम इस क्षेत्र की सप्लाई बंद कर देता है।
ऐसे में क्षेत्र के 22 गांव अंधेरे में डूब जाते हैं। बिजली गुल होने से सबसे अधिक परेशानी इंटर व हाईस्कूल बोर्ड की परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्र छात्राओं को हो रही है। पहले इस क्षेत्र में हिमाचल प्रदेश से विद्युत आपूर्ति होती थी। वर्ष 2013 में उर्जा निगम ने इस क्षेत्र को देहरादून से जोड़कर त्यूणी से यहां विद्युत सप्लाई की जाती रही लेकिन नियमित विद्युत आपूर्ति नहीं हो रही है।
ओवर लोडिंग का खामियाजा क्षेत्र के ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है। कनिष्ठ अभियंता ऊर्जा निगम आराकोट नरेंद्र सिंह राणा का कहना है कि क्षेत्र के 22 गांव को शीघ्र मोरी से जोड़ने की तैयारी की जा रही है। आराकोट में बिजली घर स्वीकृत हो गया है। त्यूणी क्षेत्र में ओवर लोडिंग के कारण सुबह शाम बंगाण क्षेत्र में कटौती की जा रही है।