जसपुर-निराकोट मार्ग निर्माण से निकलने वाले मलबे को फेंका जा रहा है गदेरे में
उत्तरकाशी। मांडो के ग्रामीणों ने जसपुर-सिल्याण-निराकोट मोटर मार्ग निर्माण से निकलने वाले मलबे को गांव के गदेरे में फेंकने पर नाराजगी व्यक्त की है। उन्होंने मौके पर पहुंचकर सड़क निर्माण कर रहे अधिकारियों और लोगों को चेतावनी दी कि अगर जल्द ही गदेरे के स्थान पर मलबा डंपिंग जोन में नहीं डाला गया तो उन्हें आगे आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा।
ग्राम प्रधान मांडो रेखा भट्ट, कन्हैया चौहान, नीलम, गोपाल भट्ट, सरिता देवी, विमला देवी, रीना गुसाईं, नरेंद्र चौहान ने कहा कि वर्ष 2021 में आई आपदा के दौरान उनके गांव के गदेरे में भारी मलबा आने के कारण बहुत नुकसान हुआ था। वहीं वर्ष भी मानसून सीजन में निर्माणाधीन जसपुर-सिल्याण-निराकोट मोटर मार्ग से मलबा बहकर गदेरे में आया है।
वहां पर पहले ही कई टन मलबा जमा है। उसके बाद सड़क निर्माण का मलबा भी गदेरे में ही डाला जा रहा है। इससे यहां कभी भी बरसात में बड़ी आपदा का रूप ले सकता है। पूर्व में आई आपदा के बाद भी वहां पर सुरक्षात्मक कार्य पूरे नहीं हो पाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इस संबंध में संबंधित विभाग के अधिकारियों को कहा गया कि अगर दोबारा मलबा गदेरे में डाला गया तो आगे आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण में निकलने वाले मलबे को नियमानुसार डंपिंग जोन में डाला जाए।