कृषि विज्ञान केंद्र चिन्यालीसौड़ में उर्वरकों का संतुलित प्रयोग विषय पर ऑनलाइन गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें किसानों को मृदा स्वास्थ्य एवं उर्वरकों के संतुलित प्रयोग की जानकारी दी गई।
केंद्र के प्रधान वैज्ञानिक एवं अध्यक्ष डॉ. चित्रांगद सिंह राघव ने मृदा में मुख्य एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों के संतुलन को बनाए रखने से ही खेतों की उत्पादकता बढ़ सकती है। केंद्र के उद्यान विशेषज्ञ डॉ. पंकज नौटियाल ने किसानों को ड्रिप फर्टिगेशन के उपयोग एवं पौधों के लिए जल की उपलब्धता के तरीकोें के बारे में बताया। केंद्र के कृषि प्रसार विशेषज्ञ डॉ. गौरव पपनै ने जैविक उर्वरक एवं इनके महत्व, वर्मी कंपोस्ट, वर्मी बेड की जानकारी दी। केंद्र के वरुण सुप्याल ने किसानों को मृदा नमूने लेने के तरीके, मृदा परीक्षण करवाने और मृदा का पौधों के लिए महत्व विषय पर जानकारी दी। कार्यक्रम में मुख्य उद्यान अधिकारी डॉ. रजनीश सिंह, डीडीएम नाबार्ड गुरविंदर सिंह आहूजा, अध्यक्ष रेडक्रॉस सोसाइटी अजय पुरी, प्रगतिशील काश्तकार जगमोहन राणा, सचिन पंवार, मोहन सिंह राणा शामिल थे।