मंगलवार को जिले के विभिन्न हिस्सों में हुई ओलावृष्टि से खेतों में तैयार फसलें तबाह हो गई हैं। साथ ही सेब की फसल भी प्रभावित हो गई है। क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन से क्षति का आकलन कराकर पीड़ित किसानों को क्षतिपूर्ति की मांग की है।
नौगांव की प्रमुख सरोज पंवार, जिला पंचायत सदस्य आनंद राणा, भाजपा महिला मोर्चा की उपाध्यक्ष कृष्णा राणा ने शासन प्रशासन से नुकसान का आंकलन कर काश्तकारों को उचित मुआवजा देने की मांग की। भाटिया प्रथम की प्रधान गीता डिमरी एवं भाटिया के प्रधान राकेश लाल ने बताया कि ओलों की से मार से क्षेत्र में फल बागीचों को भारी नुकसान पहुंचा है। राज्य आंदोलनकारी बाल गोविंद डोभाल ने बताया कि इस बार सर्दियों में पर्याप्त बर्फबारी से काश्तकारों को सेब आदि फलों की अच्छी पैदावार की उम्मीद थी, लेकिन ओलावृष्टि ने सब चौपट कर दिया। यमुनोत्री विधायक केदार सिंह रावत ने डीएम को बताया कि चिन्यालीसौड़ प्रखंड के दिचली गमरी, नौगांव प्रखंड के स्योरी फल पट्टी समेत विभिन्न क्षेत्रों में ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है।
उधर, मंगलवार शाम को प्रतापनगर क्षेत्र में बारिश और ओलावृष्टि होने से फसलों और फलदार पेड़ों को भारी नुकसान पहुंचा है। ओलावृष्टि से गेहूं, जौ की फसल पूरी तरह से चौपट हो गई। इसी माह खेतों में धान की रोपाई होनी थी। धान की क्यारी भी बर्बाद हो गई है। प्रमुख प्रदीप चंद रमोला, जिला पंचायत सदस्य संजू देवी, रेखा असवाल, मुरारी सिह रांगड़ प्रधान चंद्रशेखर पैन्यूली, राजपाल राणा, विजय पोखरियाल ने प्रशासन से किसानों को ओलावृष्टि से हुए नुकसान का मुआवजा देने और कृषि ऋण माफ करने की मांग की है। बुधवार को तहसीलदार शंकर लाल चौरसिया, उद्यान सचल दल प्रभारी सुनील कुमार ने फसलों को हुए नुकसान का जायजा लिया।