डीएम के आदेश के बाद भी नहीं हुआ डुंडा के कूड़ा निस्तारण केंद्र का संचालन शुरू
उत्तरकाशी। डुंडा विकासखंड के धनारी क्षेत्र के उदाल्का गांव में लाखों की लागत से बने कूड़ा निस्तारण केंद्र का संचालन नहीं होने से वहां पर लगी मशीनें धूल फांक रही है। डीएम प्रशांत आर्य के निर्देश के बावजूद जिम्मेदार विभागों की ओर से इसके संचालन में हीलाहवाली की जा रही है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में कूड़ा निस्तारण नहीं हो पा रहा है।
डुंडा विकासखंड के ग्रामीण क्षेत्रों, कस्बों और बाजारों के कूड़ा निस्तारण के लिए उदाल्का गांव के समीप एक वर्ष पूर्व करीब 14 लाख की लागत से कूड़ा निस्तारण केंद्र का निर्माण किया गया था लेकिन इसका अभी तक संचालन शुरू नहीं हो पाया है। इसका निर्माण पूरा होने के बावजूद इसमें अभी तक बिजली पानी की सुविधाएं उपलब्ध नहीं हो पाई है।
इससे इसमें ताला टंगा हुआ है। साथ ही इसके आसपास झाड़ियां उग आई है। केंद्र का निर्माण खंड विकास कार्यालय की ओर से किया गया था। साथ ही उसके बाद इसमें बिजली पानी जैसे संसाधन स्वजल विभाग की ओर से उपलब्ध करवाए जाने थे। उसके बाद जिला पंचायत ने इसका संचालन करना था लेकिन संबंधित विभागों की लापरवाही के कारण यह अधर में ही लटका हुआ है।
पूर्व में जिलाधिकारी ने कूड़ा निस्तारण और स्वच्छ भारत मिशन आदि के तहत ली गई बैठक में केंद्र से संबंधित विभागों को समन्वय बनाकर जल्द ही इसके संचालन के निर्देश दिए गए थे लेकिन विभागों की ओर से इसकी अनदेखी की जा रही है। पूर्व प्रधान तनुजा चौहान ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में कूड़ा निस्तारण नहीं हो पा रहा है। बीडीओ दिनेश चंद्र जोशी ने कहा कि इसमें बिजली पानी आदि सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए कई बार स्वजल विभाग को लिखित दिया गया लेकिन उनकी ओर से कार्रवाई नहीं हो रही है।