पुरोला(उत्तरकाशी)। भारत संचार निगम लिमिटेड सहित कई अन्य प्राइवेट कंपनियों के टावर खराब होने से क्षेत्र की जनता को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। संबंधित विभाग एवं प्रशासन द्वारा कोई कदम नहीं उठाया जा रहा है। जिससे आक्रोशित होकर जनता ने मोबाइल टावर को उखाड़ने की चेतावनी दी है।
सोमवार को डीएम व बीएसएनएल के एमडी को भेजे पत्र में ग्रामीणों ने कहा कि मोरी के फते पर्वत पट्टी क्षेत्र में लगा बीएसएनएल टावर बीते एक साल से बंद पड़ा है। जिससे सेेवा, बरी, खन्ना, दोणी, भीतरी, पुजेली, नुराणु आदि दर्जनों गांवों में दूरसंचार सुविधा ठप पड़ी है। वहीं पंचगाई पट्टी के लिवाड़ी, फिताड़ी, रेकचा, हरिपुर, जखोल, सावणी, सटूणी आदि गांवों के लिए लगाया गया बीएसएनएल टावर महीने में बमुश्किल तीन दिन भी नहीं चलता है। जबकि सट्टा गांव में लगा वोडाफोन टावर भी बीते डेढ़ माह से बंद पड़ा है। यही हाल नैटवाड-सांकरी, बंगाण, डगोली, पींगल आदि क्षेत्रों का भी है। दूरसंचार सेवा के अभाव में ऑन लाइन आवेदन नहीं कर पाने के कारण लोग सरकारी योजनाओं से वंचित हैं। ग्रामीणों ने कहा कि संबंधित अधिकारियों से कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने कहा कि अगर 15 दिनों के भीतर इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो ग्रामीण क्षेत्र में लगे सभी मोबाइल टावरों को उखाड़ देंगे। ज्ञापन देने वालों में रोजी सिंह सौंदाण, रोशन सिंह, करमचंद, जयचंद, सूरती लाल जुवांठा, सुभाष सिंह, चंद्रमणी, करम सिंह, रणदेव सिंह आदि ग्रामीण शामिल हैं।