उत्तरकाशी। रविवार शाम के समय हुई मूसलाधार बारिश के साथ खीर गंगा में आए उफान ने एक बार फिर धराली बाजार और गांव में अफरातफरी के हालात पैदा कर दिए। बीते आठ अगस्त की रात को आई बाढ़ का मलबा अभी तक साफ नहीं कराने के कारण बरसात में बार-बार बस्ती में पानी घुस रहा है, जिससे स्थानीय लोगों में शासन-प्रशासन के खिलाफ रोष पनप रहा है।
बता दें कि विगत आठ अगस्त की रात को गंगोत्री धाम के प्रमुख पड़ाव धराली के बीच से बहने वाली खीर गंगा में उफान के साथ आया मलबा धराली के 50 से अधिक होटल एवं घरों में घुसने के साथ ही नदी के प्रवाह पथ पर जमा है। लोगों ने अपने घर एवं होटलों से तो किसी तरह मलबा साफ कर लिया, लेकिन सिंचाई विभाग ने अभी तक नदी के प्रवाह पथ में जमा मलबा हटाकर यहां नदी के प्रवाह को सामान्य नहीं किया है। यही कारण है कि बरसात में नदी का पानी पूर्व में बनी सुरक्षा दीवारों को लांघकर धराली बाजार में घुस रहा है। धराली निवासी शैलेंद्र पंवार, जयभगवान, महेश आदि ने बताया कि रविवार शाम को क्षेत्र में हुई मूसलाधार बारिश के बाद खीर गंगा में पानी बढ़ गया। इस पानी की निकासी का रास्ता मलबे से अवरुद्ध होने के कारण रविवार शाम करीब सात बजे पानी धराली बाजार में घुस गया, जिससे यहां अफरातफरी का माहौल बना हुआ है। उन्होंने बार-बार आपदा जैसे हालात पैदा होने के लिए सिंचाई विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए प्रशासन से शीघ्र धराली बाजार और गांव की सुरक्षा के इंतजाम करने की मांग की है।