उत्तरकाशी। पालिका बोर्ड ने बस अड्डे स्थित सब्जी मंडी में बने टीनशेड को हटाने का प्रस्ताव पास किया है। हालांकि सब्जी विक्रेता तिरपाल लगाकर उसी स्थान पर कारोबार कर सकते हैं। नई आवंटन नीति को लेकर बोर्ड की आगामी बैठक में चर्चा की जाएगी। वहीं पालिका में 2010 से 2017 तक हुए कार्यों की जांच के लिए प्रशासन स्तर पर विशेष ऑडिट कराने का भी फैसला लिया गया है।
एडीएम पीएल शाह के आदेश पर शुक्रवार को पालिका की विशेष बोर्ड बैठक बुलाई गई थी, जिसमें दुकान आवंटन एवं मंडी में चल रहे निर्माण कार्य को लेकर चर्चा की गई। सभासद हरीश डंगवाल, सुदर्शन रावत, रविंद्र जोशी ने ईओ पर मंडी एवं वरुणावत प्रभावितों को गुमराह करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पालिका के पास दुकान आवंटन को लेकर कोई ठोस नीति नहीं होने से विवाद पैदा हुआ है। पालिका प्रशासन ने भूतल के लिए कोई नीति बनाए बिना ही प्रथम तल की 40 दुकानों के आवंटन के लिए लॉट्री निकालकर लोगों से पैसे ले लिए। वहीं बिना बोर्ड सदस्यों की अनुमति के मंडी संचालकों से भी दो लाख ले लिए व पूरे पैसे मिले बिना ही निर्माण भी शुरू करवा दिया। उन्होंने टीनशेड को तोड़कर मंडी को पुराने स्वरूप में लाने की मांग की। सभासद कमला देवी ने सब्जी विक्रेताओं के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया। उन्होंने टीनशेड हटाने से पहले आवंटन नीति बनाने की मांग की। पालिकाध्यक्ष जयेंद्री राणा ने कहा कि मंडी संचालकों से जो धनराशि ली गई थी, उससे पालिका कर्मचारियों का वेतन दिया गया है। बोर्ड में लिए गए फैसलों की रिपोर्ट प्रशासन को सौंपी जाएगी। बैठक के दौरान गोदांबरी थलवाल, जगदंबा रावत, सुनील लिंगवाल, अरविंद उनियाल, भूदेव कुड़ियाल आदि मौजूद थे।