उत्तरकाशी। जनपद में पिछले 24 घंटे से लगातार रुक-रुककर हो रही बारिश से यमुनोत्री हाईवे सहित एक दर्जन से अधिक लिंक मार्ग अवरुद्ध हो गए थे। हालांकि यमुनोत्री हाईवे पर देर शाम आवाजाही शुरू हो गई है।
मंगलवार रात से शुरू हुई बारिश बुधवार को भी दिनभर जारी रही, जिससे यमुनोत्री हाईवे राड़ी और ओरछा बैंड पर भू-धंसाव व बोल्डर आने से बंद हो गया। हालांकि सुबह कुछ घंटे हाईवे बाधित रहने के बाद एनएच के कर्मचारियों ने छोटे वाहनों के लिए खोल दिया था। वहीं देर शाम हाईवे पर बड़े वाहनों की आवाजाही भी शुरू हो गई है। वहीं बड़कोट से जानकीचट्टी के बीच भी पेड़ गिरने से कई देर तक राष्ट्रीय राजमार्ग बाधित रहा। देर शाम तक पेड़ को हटाने का काम चला। वहीं, उत्तरकाशी से लंबगांव-श्रीनगर मार्ग भी कोडार के पास मलबा व बोल्डर आने से बंद रहा, जिसको सुबह करीब 10 बजे खोला गया। इसके अलावा जनपद में करीब 14 लिंक मार्ग भी मलबा आने से बाधित हो गए हैं। देर शाम तक इन लिंक मार्गों को सुचारु करने का काम जारी रहा, लेकिन मार्ग पूरी तरह से नहीं खुल पाए।
अवरुद्ध प्रमुख मार्ग
बोगा-भैलुड़ा, मल्ला-सिल्ला ज्ञानसु-साल्ड, कमद-अयांरखाल, आदनी-रांतल, धरासू-जोगत, जड़रा-छुरी-केड़ा, गंगोरी- डोडीताल, खरसाली-जीवाणु, नगाणगांव-कुर्सिल, राजगढ़-सरनौल, बड़कोट-चक्रगांव, सोरा-सारी, चड़ेथी-रैथल लिंक
गंगोरी डोडीताल मोटर मार्ग बंद
उत्तरकाशी। गंगोरी डोडीताल मोटर मार्ग पर कोहरी गाड़ में आए उफान से वाहनों की आवाजाही बंद होने से असी गंगा घाटी के सात गांव अलग-थलग पड़ गए हैं। बारिश से भूस्खलन क्षेत्र से होकर गुजरने वाले भंकोली, ढासणा, दंदालका व अगोड़ा गांव में आवागमन जोखिम भरा हो गया है।
कोहरी गाड़ पर बना पुल 2007 में बह गया था। 2012 की आपदा में भी यहां अस्थाई इंतजाम करके वाहनों का आवागमन शुरू किया गया। पुल न होने से कॉजवे बना कर अस्थाई इंतजाम से सेकू, गजोली, नौगांव, भंकोली, ढासणा, दंदलका, अगोड़ा के लोगों के आलू आदि नकदी फसल बाजार नहीं पहुंच पा रही है। अगोड़ा के प्रधान चंद्रलाल, भंकोली के महादेव, पूर्व जिला पंचायत सदस्य कमल सिंह ने बताया कि भंकोली ढासणा में पहाड़ी से पत्थर गिरने लगे हैं।