देहरादून के जिला स्तरीय अधिकारी मॉर्निंग वॉक के साथ साथ अपने वार्ड की सफाई व्यवस्था पर भी नजर रखेंगे।
जिलाधिकारी रविनाथ ने यह व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए मुख्य विकास अधिकारी आलोक कुमार पांडे और नगर आयुक्त नितिन भदौरिया को विभागों में समन्वय बनाने को कहा है। बृहस्पतिवार तक डीएम की ओर से इसका सर्कुलर भी जारी कर दिया जाएगा।
शहर की सफाई व्यवस्था पर राज्यपाल के सख्त रुख का असर नगर निगम से लेकर जिला प्रशासन में मची हलचल से देखा जा सकता है। नगर आयुक्त ने जहां नगर स्वास्थ्य अधिकारी को शहर में सफाई व्यवस्था की नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। वहीं, जिलाधिकारी ने इसके लिए जिले के सभी जिला स्तरीय अधिकारियों की जवाबदेही तय करना शुरू कर दिया है।
इसके तहत नगर निगम के तहत आने वाले सभी 60 वार्डों में रहने वाले जिले के अधिकारी भी जिम्मेवार होंगे। डीएम ने इन सभी 60 वार्डों में रहने वाले जिला स्तरीय अधिकारियों की सूची तैयार करानी शुरू कर दी है।
जिला विकास अधिकारी, मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी, मुख्य कृषि अधिकारी हों या फिर दूसरे कोई भी जिला स्तरीय अधिकारी, जिस भी वार्ड में वे रहते हैं, मॉर्निंग वॉक और आफिस आते वक्त उन्हें सफाई व्यवस्था देखनी होगी। इसकी प्रतिदिन की रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजी जाएगी।
जिन वार्डों में सफाई ठीक नहीं होगी, वहां नगर निगम के माध्यम से सुपरवाइजर के पेंच कसकर सफाई व्यवस्था ठीक की जाएगी। जिलाधिकारी रविनाथ रमन का मानना है कि इससे शहर में सफाई व्यवस्था की असली तस्वीर सामने आ सकेगी।