पंंतनगर। उत्तराखंड क्रांति दल के पदाधिकारियों ने शुक्रवार को गांधी पार्क में अमर बलिदानी एवं स्वतंत्रता संग्राम सेनानी श्रीदेव सुमन की पुण्यतिथि पर उनकी मूर्ति पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। साथ ही यूकेडी का 46वां स्थापना दिवस भी मनाया गया। जिलाध्यक्ष एमसी पांडेय ने कहा कि जो लोग वास्तविक राज्य आंदोलनकारी हैं वही यूकेडी में पहाड़ की तरह जमे हुए हैं जबकि फर्जी आंदोलनकारी राज्य विरोधी दलों में चले गए हैं।
यहां केंद्रीय उपाध्यक्ष आनंद सिंह असगोला ने कहा कि विशेष भौगोलिक क्षेत्र होने के कारण अलग राज्य की मांग देश की आजादी के बाद उठने लगी थी। सन 1979 में 24-25 जुलाई को विभिन्न संगठनों के 50-60 बुद्धिजीवियों ने मसूरी में बैठक कर अलग राज्य बनाने के लिए अलग संगठन बनाने पर विचार विमर्श किया और उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी) नाम पर सहमति बनी। उक्रांद ने सन् 1979 से 2000 तक लंबा संघर्ष किया जिसकी बदौलत उत्तराखंड राज्य अस्तित्व में आया। वहां जीवन सिंह नेगी, भानू मेहर, जमुना दत्त जोशी, गोविंद मेहरा, दीपक बिष्ट, ख्याली सिंह, त्रिभुवन कार्की, अरविंद बिष्ट, आदि मौजूद रहे।