रुद्रपुर। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में नामांकनपत्रों के जांच की तीसरे दिन की प्रक्रिया पूरी कर ली गई। आपत्तियों का निस्तारण भी किया गया। तीन दिन की जांच के बाद जिला पंचायत सदस्य पद पर किसी का तीसरा बच्चा होने और किसी का सरकारी जमीन पर कब्जे के मामले में नामांकनपत्र निरस्त कर दिया गया। जिला पंचायत सदस्य पद के कुल चार नामांकनपत्र निरस्त किए गए हैं। अब 35 सीटों पर कुल 263 दावेदार रह गए हैं। बृहस्पतिवार और शुक्रवार का निदन नामांकन वापसी के लिए निर्धारित है।
जिला पंचायत कार्यालय में सदस्यों की 35 सीटों पर हुए कुल 267 नामांकनपत्रों पर आपत्तियां ली गईं थी। इसमें कुल 18 आपत्तियां आईं थी। इसमें कहीं हलफनामे में सरकारी जमीन पर अतिक्रमण, एफआईआर आदि का विवरण न देने सहित कई जरूरी सूचनाओं को छिपाने का आरोप लगाया गया था। बुधवार को आपत्तियों की सुनवाई में जिला पंचायत की ऐचता सीट पर उपेंद्र सिंह का नामांकन सरकारी भूमि पर कब्जा के चक्कर में निरस्त कर दिया गया।
गदरपुरा सीट पर कुसुम का नामांकनपत्र इसलिए निरस्त हो गया क्योंकि उन्होंने 2019 के बाद हुए तीसरे बच्चे की जानकारी को छुपाया था। हलफनामे में इस बात का उल्लेख उन्होंने नहीं किया था। सरवरखेड़ा सीट पर विपिन कुमार व बारा बिडौरा सीट पर सुरेंद्र सिंह का शैक्षिक अर्हता पूरी नहीं करने पर पर्चा निरस्त कर दिया गया। भंगा सीट पर निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष रेनू गंगवार के विरुद्ध पड़ी दो आपत्तियों की सुनवाई कर निस्तारित कर दी गईं। आपत्तियां सही नहीं पाई गईं। आरओ एपी बाजपेयी ने बताया कि अब अगले दो दिनों में नामांकन वापसी होगी।