सरकारी दफ्तरों में एक अप्रैल से काम करने के तरीके में बदलाव होगा। कामकाज में पारदर्शिता लाने के लिए आईएफएमएस सिस्टम लागू किया जाएगा। इसके लिए सोमवार को कलक्ट्रेट में एक कार्यशाला हुई।
कलक्ट्रेट सभागार में एकीकृत वित्तीय एवं सूचना प्रबंधन परियोजना (आईएफएमएस) की प्रशिक्षण कार्यशाला में डीएम डा. नीरज खैरवाल ने आहरण वितरण में स्मार्ट वर्किंग कल्चर अपनाने और नई डिजिटल तकनीकों का जनहित में भरपूर उपयोग करने पर जोर दिया। सभी आहरण वितरण अधिकारी पेपर लेस बिल बनाना सुनिश्चित करें। कहा कि शासन की व्यवस्था ई-गवर्नेंस की ओर अग्रसर है। इसी व्यवस्था के तहत वेतन आहरित किया जाएगा।
मुख्य कोषाधिकारी भूपेंद्र प्रसाद कांडपाल ने बताया कि आईएफएमएस प्रणाली के अंतर्गत समस्त प्रकार के आहरण वितरण और खरीद प्रणाली ऑनलाइन की जा रही है। इस प्रणाली को ऑनलाइन उपस्थिति से जोड़ा गया है। इससे सभी कार्मिकों की उपस्थिति व अवकाश का डाटा ट्रेजरी में प्राप्त होगा। कार्मिक इंटरनेट का उपयोग करते हुए छुट्टी का आवेदन भी कर सकेंगे। वहां पर सीएमओ एसके शाह, सहायक गन्ना आयुक्त धरमवीर सिंह, डीडीओ अजय सिंह, सहायक निर्वाचन अधिकारी हरीश सिंह रावत, सीईओ पीएन सिंह आदि थे।