ढाई महीने पहले काशीपुर में हुए राघवेंद्र हत्याकांड के सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर भाजपा विधायकों और कार्यकर्ताओं ने एसएसपी दफ्तर के मुख्य गेट के सामने प्रदर्शन किया। भाजाइपायों ने करीब दो घंटे तक दफ्तर गेट के सामने सड़क पर धरना दिया। काफी गहमागहमी के बीच बाद में करीब एक घंटे तक एसएसपी और प्रतिनिधिमंडल की वार्ता हुई। एसएसपी ने अब तक हुए जांच की प्रगति की जानकारी दी।
सोमवार को भाजपा विधायक पुष्कर सिंह धामी, राजेश शुक्ला, हरभजन सिंह चीमा, राजकुमार ठुकराल और अरविंद पांडेय के साथ बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट प्रदर्शन किया और एसएसपी दफ्तर कूच किया। दफ्तर का मुख्य गेट पुलिसकर्मियों द्वारा बंद करने के बाद विधायक और कार्यकर्ता सड़क पर ही धरने पर बैठ गए।
मृतक राघवेंद्र के पिता और पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष नरेंद्र सिंह मानस ने कहा कि अभी तक मामले की पुलिस की तरफ से संतोषजनक कार्यवाही नहीं हुई है। पुलिस ने जेल भेजे गए आरोपी गुरविंदर और पवनजोत से अब तक रिमांड पर लेकर पूछताछ नहीं की है। जिन लोगों ने रात में झगड़ा किया, उनसे पूछताछ तक नहीं हो सकी है। उन्होंने न्याय की लड़ाई सुप्रीम कोर्ट तक लड़ने की बात कही और विधायकों से मामला विधानसभा में उठाने की गुजारिश की।
करीब डेढ़ बजे एसएसपी केवल खुराना दफ्तर पहुंचे और विधायकों की अगुवाई में प्रतिनिधिमंडल ने दफ्तर पहुंचकर उनसे मामले की प्रगति पूछी। वार्ता में बेहद आक्रोशित हुए नरेंद्र सिंह मानस की एसएसपी से खूब गहमागहमी भी हुई। एसएसपी खुराना ने अब तक की जांच की बिंदुवार जानकारी देते हुए कहा कि अगर जांच अधिकारी से शिकायत है तो वे उसे बदल देंगे। अगर पुलिस जांच पर भरोसा नहीं है तो वे सीबीसीआईडी या सीबीआई को भी मामले की संस्तुति करने को भी तैयार हैं।
इस दौरान भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेशाध्यक्ष नीलम सहगल, मेयर सोनी कोली, जिलाध्यक्ष शिव अरोरा, पूर्व विधायक राजीव अग्रवाल, पूर्व पालिकाध्यक्ष सुभाष चतुर्वेदी, राजू भंडारी, जिला महामंत्री गोपाल बोरा, तरुण दत्ता, उत्तम दत्ता, भारत भूषण चुघ, दिलीप बोरा, अनिल चौहान, सुरेश पपनेजा, हिमांशु चंदोला, राजेश कुमार, सुभाष गुंबर, मीना शर्मा, सुरेश कोली, सुधीर कुमार, नेपाल सिंह, गुरदीप सिंह आदि कार्यकर्ता थे।