कांग्रेस से असंतुष्ट होकर मेयर पद पर निर्दलीय मैदान में ताल ठोकने वाली ममता रानी का नामांकन खारिज होने के बाद सियासी समीकरण बदल गया है। ममता और उनके समर्थकों के रुख पर कांग्रेस के साथ ही भाजपा की नजर भी लगी हुई है। वहीं, कांग्रेस की स्थानीय इकाई असंतुष्ट और बागियों से एक चरण की वार्ता के बाद अब उनकी सूची प्रदेश अध्यक्ष को भेज रही है। माना जा रहा है कि प्रदेश अध्यक्ष स्वयं ही असंतुष्ट नेताओं से संपर्क कर पार्टी प्रत्याशी के पक्ष में प्रचार के लिए मनाएंगे।
टिकट नहीं मिलने से नाराज महिला कांग्रेस की प्रदेश उपाध्यक्ष ममता कोली के साथ ही सुनील आर्या ने मेयर पद के लिए निर्दलीय नामांकन दाखिल किया था। इसके अलावा कई असंतुष्ट नेताओं ने इस्तीफा दे दिया था और कुछ पर्दे के पीछे निर्दलियों के समर्थन में लामबंद हो गए थे। कांग्रेस ने डैमेज कंट्रोल के लिए दो टीमें उतारी थीं।
बृहस्पतिवार को नामांकन पत्रों की जांच में ममता रानी का नामांकन खारिज हो गया। इसके बाद कांग्रेस के अलावा सत्तारूढ़ भाजपा भी ममता को अब अपने पाले में खींचने की कोशिश में जुटी है। पिछले चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में हार का सामना कर चुकीं ममता से बागी सुनील ने भी बात कर उन्हें, उनके पक्ष में खड़े होने की अपील की है।
इधर, कांग्रेस महानगर अध्यक्ष जगदीश तनेजा, पूर्व पालिकाध्यक्ष मीना शर्मा और पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ लगातार असंतुष्टों से बात कर मनाने में जुटे हुए हैं। ममता का कहना है कि उनके साथ अन्याय हुआ है। वह अधिवक्ता, समर्थक और परिचितों के साथ राय मशविरा कर अगला कदम उठाएंगी।
नामांकन खारिज हुआ तो भर आई आंखें
रुद्रपुर। निर्दलीय प्रत्याशी ममता रानी का नामांकन खारिज होने से समर्थकों में निराशा का माहौल है। खुद ममता की आंखों से आंसू छलक आए। उन्होंने रुंधे गले से कहा कि उनको चुनाव लड़ने से रोकने के लिए यह सब किया गया। इधर, कांग्रेस सेवादल अध्यक्ष सुशील गाबा और व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय जुनेजा भी ममता के आवास पर पहुंचे थे। टिकट वितरण से सुशील और संजय भी नाराज बताए जा रहे हैं।
- कांग्रेस से जो कार्यकर्ता असंतुष्ट हैं, उनसे लगातार बात की जा रही है। धीरे-धीरे सभी को मना लिया जाएगा। अपने लोगों पर पूरा भरोसा है कि वे कांग्रेस प्रत्याशी के पक्ष में एकजुट होंगे। -
तिलकराज बेहड़, पूर्व मंत्री।
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- कांग्रेस से नाराज होकर निर्दलीय नामांकन कराने वाले और उनको इस्तीफा देने वाले नेता, कार्यकर्ताओं से बात की गई है। परिवार में नाराजगियां होती रहती हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह को भी असंतुष्टों की सूची भेजी जा रही है। प्रदेशाध्यक्ष खुद भी इन लोगों से बात करेंगे।
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जगदीश तनेजा, महानगर अध्यक्ष, कांग्रेस।
भाजपा में बगावत की चिंगारी सुलगने लगी
काशीपुर। भाजपा नगर उपाध्यक्ष मनोज जग्गा ने टिकट बंटवारे में उपेक्षा से नाराज होकर भाजपा उपाध्यक्ष एवं पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से त्याग पत्र दे दिया है।
भाजपा में टिकट नहीं मिलने से करीब एक दर्जन कार्यकर्ता नाराज थे। इनमें से कुछ को तो मना लिया गया। वहीं, कुछ ने टिकट नहीं मिलने पर अपनी पत्नी को निर्दलीय रूप में चुनाव में उतार दिया है और खुद भाजपा में बने हुए हैं। बगावत करने वालों की स्थिति नाम वापसी की अंतिम तिथि के बाद स्पष्ट होगी। जिलाध्यक्ष शिव अरोरा ने मनोज जग्गा के संबंध में कहा कि अभी तक उनका त्याग पत्र नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि चुनाव में सबको टिकट दे पाना संभव नहीं है।