घर से घूमने निकले पेंटर की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। परिजनों ने पेंटर की हत्या की आशंका जताई है। पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर मामले की जानकारी जुटाने में लगी थी।
वार्ड संख्या पांच निवासी विजय वाल्मीकि उर्फ छैला (23) पुत्र नानू लाल पेंटर है। शाम सवा सात बजे विजय घर से निकला था। रात साढ़े आठ बजे उसके बड़े भाई रवि कुमार उसके एक्सीडेंट की जानकारी मिली। इस पर वह सिडकुल चौकी पहुंचा।
यहां पहले से एक टैंपो में बालाजी एक्शन कंपनी के सामने से एक टैंपो विजय को लेकर आ रहा था। जिसने रवि को डीसीएम वाहन द्वारा विजय को टक्कर मारने की जानकारी दी। इस पर रवि टैंपो से उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर आया। जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
डाक्टर शंखधर ने एक्सीडेंट से इंकार करते हुए बताया कि दाहिनी कनपटी पर मारने से दिमाग की नस फटने के कारण कान से खून आया है और इसी कारण उसकी मौत होना प्रतीत होता है।
रवि ने बताया मृतक विजय के शरीर व अन्य हिस्से में कोई भी चोट का निशान नहीं है और न ही कपड़े आदि मिट्टी या धूल में सने हैं। उसने भाई की हत्या की आशंका जताई है। डाक्टर की सूचना पर एसएसआई प्रवीण सिंह अस्पताल पहुंचे और मृतक के शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
मृतक सात भाई-बहनों में तीसरे नंबर का था। उसकी मां शलोनी देवी साधूनगर पीएचसी में स्वच्छक हैं। शलोनी, बहन सुमन व माला का रो-रोकर बुरा हाल है। खबर लिखे जाने तक पुलिस को हादसे की तहरीर नहीं दी गई थी।