गंगा को स्वच्छ और निर्मल रखने के लिए केंद्र सरकार की ओर से शुरू की गई नमामि गंगे योजना में नगर निगम काशीपुर को शामिल नहीं किया गया है। जबकि काशीपुर शहर का सीवर ढेला नदी से होकर गंगा नदी में जाता है। काशीपुर शहर को योजना में शामिल न किए जाने से गंगा को निर्मल बनाने के दावों पर सवाल उठने लगे हैं।
गंगा को स्वच्छ और निर्मल बनाने के उद्देश्य से शुरू की नमामि गंगे योजना में गंगा नदी से जुड़ने वाले नदी और नालों के किनारे बसे नगर एवं शहरों को शामिल किया जा गया है। योजना के अंतर्गत इन नगरों और शहरों को स्वच्छ बनाए रखने के लिए आधुनिक रूप दिया जाना है। इनमें सीवर ट्रीटमेंट को लेकर ड्रीनेज की सुविधाएं लगाई जानी है।
काशीपुर शहर को इस योजना में शामिल नहीं किया गया है। जबकि यह शहर गंगा नदी से जुड़ी ढेला नदी के समीप है। शहर का सीवर और शहर में संचालित हो रहे करीब ढाई कारखानों का प्रदूषित पानी ढेला नदी के जरिये गंगा नदी में जाता है। ऐसे में गंगा को साफ रखने के लिए शुरू की गई केंद्र सरकार की इस महत्वाकांशी योजना पर सवाल उठने स्वाभाविक हैं।