मुख्यमंत्री के आश्वासन पर मिल मालिकों ने तीन दिन से चल रही हड़ताल को स्थगित कर दिया है। धान खरीद शुरू करने की निर्णय की जानकारी के बाद किसानों का धरना भी समाप्त हो गया है। हड़ताल खत्म होने से सरकार, जिला प्रशासन के साथ ही किसानों ने भी राहत की सांस ली है। मुख्यमंत्री ने सोमवार को मिल मालिकों को वार्ता के लिए देहरादून बुलाया है।
बता दें कि राज्य सरकार द्वारा पिछले साल का करीब 200 करोड़ भुगतान न करने सहित अन्य मांगों को लेकर शुक्रवार से प्रदेश भर के मिल मालिका हड़ताल पर चले गये थे। धान खरीद बंद होने से भड़के किसानों ने भी जगह-जगह प्रदर्शन किए थे। रुद्रपुर की गल्ला मंडी में धरना शुरू कर दिया था।
रविवार को डीएम के शिविर कार्यालय में उत्तरांचल राइस मिलर एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ विधायक राजकुमार ठुकराल, डीएम नीरज खैरवाल, आरएफसी कुमाऊं ललित मोहन रयाल के साथ वार्ता हुई। इसमें मिलर्स की मांगों को लेकर चर्चा हुई। इसके बाद एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने फोन पर सीएम से वार्ता की और हड़ताल स्थगित कर धान खरीद करने का निर्णय लिया। इसके बाद विधायक, मिल मालिकों, आरएफसी कुमाऊं और एडीएम जगदीश कांडपाल ने गल्ला मंडी में धरने पर बैठे किसानों से वार्ता की। उन्होंने हड़ताल खत्म होने की जानकारी देते हुए किसानों को आढ़तियों के कांटों पर घटतोली न होने और उनकी मांगों को मनवाने का आश्वासन दिया।
इसके बाद किसानों ने भी अपना धरना समाप्त कर दिया। तराई किसान संगठन के अध्यक्ष तजेंद्र सिंह विर्क ने कहा कि सोमवार की सुबह से किसान अपना धान मंडियों में लाएंगे। किसानों का प्रतिनिधि मंडल भी सीएम से मिलने देहरादून जाएगा। रुद्रपुर राइस मिलर्स एसोसिएशन अध्यक्ष देवीशंकर अग्रवाल ने कहा कि गतिरोध खत्म होने के बाद धान की खरीद पूर्व की भांति होगी। धरना देने वालों में ठाकुर जगदीश सिंह, इकबाल सिंह, दर्शन सिंह, सुक्खा सिंह, संतोष सिंह, जियाउल हक, कामरेड सुखदेव सिंह, गुरजीत सिंह, मलूक सिंह, तरसेम सिंह, सतनाम सिंह आदि मौजूद रहे।
उत्तरांचल राइस मिलर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष सचिन गोयल ने कहा कि मुख्यमंत्री से फोन पर हुई वार्ता में मांगों को लेकर सकारात्मक रुख होने पर प्रदेेश, किसान, व्यापारी हित में धान खरीद शुरू करने का फैसला किया गया है। पूरी उम्मीद है कि उनकी मांगों को मान लिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने सोमवार को देहरादून में वार्ता के लिए बुलाया है। प्रमुख सचिव खाद्य से भी वार्ता होगी। गतिरोध खत्म हो गया है।
हड़ताल से असहज हो गई थी सरकार
रुद्रपुर। राइस मिलर्स की तीन दिन की हड़ताल ने सरकार को असहज कर दिया था। मिलर्स ने धान खरीद बंद की तो किसानों में भी आक्रोश फैल गया था। सरकार के साथ ही अफसर भी लगातार मिलर्स और किसानों को मनाने की कोशिश करते रहे। किसानों ने तो दो टूक मिलर्स की हड़ताल खत्म होने पर ही आंदोलन खत्म करने की बात कह दी थी। हड़ताल की वजह से मंडियों में धान आना बंद हो गया था।