घर से खेत जा रहे एक युवक को एक कार में सवार चार लोग जबरन कार में डाल कर ले जाने लगे तो युवक के शोर मचाने पर उसके परिवार और गांव के लोग जमा हो गए। लोगों ने कार को घेरकर युवक को छुड़ा लिया और कार सवार पांचों को लगभग चालीस मिनट तक बंधक बना लिया। कार सवार लोग एसओजी के जवान थे।
रविवार देर शाम रंपुरा निवासी पप्पू पुत्र गुरनाम सिंह पैदल अपने खेत जा रहा था। तभी एक सफेद रंग की कार पास में आकर रुकी और चार लोग तेजी से कार से बाहर निकले और पप्पू को उठा कर कार के अंदर डालने लगे। लेकिन पप्पू ने विरोध करने के साथ ही शोर मचाना शुरू कर दिया। कुछ दी दूरी पर खड़ी पप्पू की मां विमला कौर शोर मचाते हुए पप्पू को छुड़ाने पहुंची। शोर सुनकर गांव के लोग जमा हो गए। लोगों ने पप्पू के अपहरण करने वालों के कब्जे से छुड़ाकर पांचों को घेर कर गांव के अंदर ले गए। ग्रामीणों ने उनसे नाम पता पूछा तो उन्होंने अपने को पुलिस कर्मी बताया।
लेकिन पप्पू को पकड़ने का कारण नहीं बता पाए। इधर, सूचना मिलने पर सीओ राजेश भट्ट के निर्देश पर कटोराताल चौकी प्रभारी दिनेश बल्लभ पुलिस के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को बताया कि यह एसओजी रुद्रपुर के जवान हैं गलतफहमी से पप्पू को ले जा रहे थे। दिनेश बल्लभ के समझाने बुझाने पर ग्रामीणों ने पांचों एसओजी कर्मियों को छोड़ दिया। इधर, ग्रामीणों ने बताया कि पप्पू पर किसी प्रकार के कोई भी आपराधिक मामले नहीं है वह सीधा साधा युवक है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कार सवार लोग शराब के नशे में थे। इन लोगों ने यह नहीं बताया कि पप्पू को कहां ले जा रहे थे। काशीपुर पुलिस जब पहुंची तब ग्रामीणों ने जवानों को छोड़ दिया। सीओ राजेश भट्ट ने बताया कि वह मामले की जांच कर रहे हैं।