मानवाधिकार आयोग का फरमान : सीएमओ ऊधमसिंह नगर हाजिर हों
गैर नवीनीकरण के चल रहे मेडिकल स्टोरों पर हुई कार्रवाई का ब्योरा मांगा
एक अक्तूबर को सीएमओ को उत्तराखंड मानवाधिकार आयोग के समक्ष पेश होना होगा
अमर उजाला ब्यूरो
काशीपुर। काशीपुर में बगैर नवीनीकरण के संचालित 232 मेडिकल स्टोरों के खिलाफ कोई कार्रवाई न किए जाने के मामले को उत्तराखंड मानवाधिकार आयोग ने गंभीरता से लिया है। आयोग ने इस मामले में जवाब देने के लिए एक अक्तूबर को सीएमओ को तलब किया है।
ग्राम मिस्सरवाला निवासी आरटीआई कार्यकर्ता आसिम अजहर ने सात मार्च 2019 को लोक सूचना अधिकारी/ औषधि निरीक्षक ऊधमसिंह नगर से काशीपुर के सभी मेडिकल स्टोरों के संबंध में सूचना मांगी थी। इनमें सूचना में वर्ष 2005 के बाद से अब तक कितने मेडिकल स्टोर लाइसेंसधारी है और इनमें से कितने मेडिकल स्टोरों का नवीनीकरण नहीं कराया गया है। इस अवधि में नवीनीकरण न कराने वाले मेडिकल स्वामियों के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई है आदि बिंदु शामिल थे। आरटीआई के तहत सूचना दी गई कि काशीपुर में कुल 590 मेडिकल स्टोर पंजीकृत हैं। इनमें से 232 मेडिकल स्टोर स्वामियों ने पिछले 14 वर्षों से नवीनीकरण ही नहीं कराया है जबकि मेडिकल स्टोरों का नवीनीकरण प्रत्येक पांच साल में कराना अनिवार्य है। इसके बावजूद बगैर नवीनीकरण के मेडिकल संचालित करने वालों के खिलाफ औषधि नियंत्रक ने कोई कार्यवाही नहीं की है। विभाग की ओर से उपलब्ध कराई गई इस जानकारी को गंभीरता से लेते हुए उत्तराखंड मानवाधिकार आयोग के सदस्य जस्टिस अखिलेश चंद्र शर्मा ने नोटिस जारी कर सीएमओ ऊधमसिंह नगर को एक अक्तूबर को तलब किया है। आयोग ने गलत ढंग से संचालित मेडिकल स्टोर संचालकों के खिलाफ की गई रिपोर्ट का ब्योरा भी मांगा है।